जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय दिसंबर सेमेस्टर की तर्ज पर वार्षिक परीक्षा भी ऑनलाइन करवाने की तैयारी में जुट गया है। कोरोना वायरस से बचाव के चलते लॉकडाउन में छात्रों को ऑनलाइन क्लासेस के बाद ऑनलाइन परीक्षा करवाने को लेकर सोमवार को विभिन्न स्कूल व सेंटर के डीन, स्पेशल सेंटर और विश्वविद्यालय प्रबंधन की बैठक हुई। इसके बाद अब सभी स्कूल व सेंटर के डीन आगे अपने विभागों के शिक्षकों और छात्रों से राय ले रहे हैं कि क्या वे ऑनलाइन परीक्षा दे सकते हैं। इस रिपोर्ट को डीन 16 अप्रैल को जेएनयू प्रबंधन को देंगे।
जेएनयू रजिस्ट्रार प्रो. प्रमोद कुमार की ओर से मंगलवार को छात्रों के नाम पब्लिक नोटिस निकाला गया है। विश्वविद्यालय प्रबंधन का मानना है कि तकनीक के इस युग में ऑनलाइन परीक्षा सबसे बेहतर है। छात्रों को वार्षिक परीक्षा के लिए दिल्ली बुलाने की बजाय घर बैठे परीक्षा का विकल्प देना चाहिए। इससे पहले डीन और स्पेशल सेंटर के प्रमुख के साथ कुलपति प्रो. एम जगदीश कुमार, रजिस्ट्रार प्रो. प्रमोद कुमार समेत अन्य प्रशासिनक अधिकारियों की बैठक भी हो चुकी है। कोरोना वायरस से बचाव में सामाजिक दूरी बेहद जरूरी है। जेएनयू में देश के विभिन्न इलाकों के छात्र पढ़ते हैं और लॉकडाउन से पहले उन्हें घर भेज दिया गया था। इसके अलावा विदेशी छात्र कैंपस हॉस्टल में ही हैं।
ए, बी और सी प्लान से ऑनलाइन परीक्षा
सूत्रों के मुताबिक, विश्वविद्यालय ने ए, बी और सी नाम से प्लान बनाया है। विभाग के शिक्षकों की सहमति के साथ छात्रों के मोबाइल नंबर और एरिया (छात्रों की लोकेशन) आदि पर काम होगा। छात्र के पास इंटरनेट की सुविधा होनी भी जरूरी है। यदि सब ठीक रहता है तो प्लान ए के तहत दिसंबर सेमेस्टर की तर्ज पर वार्षिक परीक्षा भी ऑनलाइन (ओपन बुक मैथेड) पर ली जाए। यदि किसी छात्र के घर में इंटरनेट की सुविधा या मोबाइल की लोकेशन पर नेटवर्क की परेशानी होगी तो यहां प्लान बी प्रयोग होगा। इसके अलावा प्लान सी में ऐसे छात्रों की परीक्षा बाद में लेने का भी विकल्प है। दिसंबर सेमेस्टर परीक्षा को ऑनलाइन करवाने के दौरान व्हाटसएप और ईमेल का सहारा लिया गया था।