नई दिल्ली। राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय (एनएसडी) और दिल्ली पर्यटन एवं परिवहन विकास निगम (डीटीटीडीसी) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित रंग अम्लान 2026 बाल रंगमंच महोत्सव का दूसरा दिन रहा। प्रस्तुत नाटक प्रेमचंद की लड़कियां ने अपनी संवेदनशील प्रस्तुति से दर्शकों को भावुक करने के साथ-साथ सामाजिक प्रश्नों पर सोचने को भी विवश किया।
एनएसडी के थिएटर-इन-एजुकेशन (टीआईई) विंग के संडे क्लब पार्ट-3 (ग्रुप-बी) के 15 से 19 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थियों ने मुंशी प्रेमचंद की प्रसिद्ध कहानियों बड़े घर की बेटी, कफन, दूध का दाम और कायर को एक सूत्र में पिरोया। प्रस्तुति में स्त्री संघर्ष, पितृसत्तात्मक सोच, सामाजिक असमानता, गरीबी और मानवीय संवेदनाओं को प्रभावी ढंग से उकेरा गया। नाटक का रूपांतरण अमित के. कुशवाहा ने किया, जबकि इसकी परिकल्पना और निर्देशन जयंत राभा ने किया।