गुरुनानक देव जी के 550वें प्रकाश पर्व पर पाकिस्तान स्थित ननकाना साहिब जाने वाले नगर कीर्तन को लेकर भी राजनीति शुरू हो गई है। दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने भी अब उसी दिन व समय पर नगर कीर्तन के आयोजन की घोषणा कर दी, जो पहले ही दिल्ली गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने तय कर रखा है।
दिल्ली अकाली दल के अध्यक्ष परमजीत सिंह सरना ने कमेटी पर टकराव की नीति अपनाने का आरोप लगाते हुए अब नगर कीर्तन को बंगला साहिब की अपेक्षा गुरुद्वारा नानक प्याऊ से शुरू करने की घोषणा की है।
सरना ने मंगलवार को संवाददाता सम्मेलन में आरोप लगाया कि उनके दल को पाकिस्तान से यात्रा लेकर जाने की मंजूरी है, जबकि कमेटी के पास अभी तक मंजूरी भी नहीं है। बावजूद इसके, कमेटी अध्यक्ष मनजिन्द्र सिंह सिरसा ने इस पवित्र पर्व को भी टकराव का रूप देने के लिए 28 अक्तूबर को बंगला साहिब गुरुद्वारे से ही यात्रा शुरू करने की घोषणा कर दी।
इससे पहले कमेटी ने 5 नवंबर व फिर 2 नवंबर को यात्रा आरंभ करने की घोषणा की थी। सरना ने कहा कमेटी पदाधिकारी किसी साजिश के तहत सिख समुदाय को बदनाम करने के लिए टकराव का रास्ता अपना रहे हैं। हमने टकराव टालने के लिए नगर कीर्तन का स्थान बंगला साहिब से बदल कर गुरुद्वारा नानक प्याऊ कर दिया है।
पार्टी महासचिव हरविन्द्र सिंह सरना ने कहा कि पाकिस्तान सरकार ने उन्हें 1500 श्रद्धालुओं को यात्रा के लिए ले जाने की मंजूरी दी है। उनका वीजा लगवाने की प्रक्रिया शुरू हो गई है। उन्होंने कहा कि एक नगर कीर्तन ले जाने के लिए कमेटी अध्यक्ष सिरसा को निमंत्रण देने का प्रयास किया, लेकिन वे नहीं मिले। इसके बाद कमेटी महासचिव को पत्र दिया था और उन्होंने साथ आने का आश्वासन दिया था।
इसी प्रकार उन्होंने अकाल तख्त के जत्थेदार, अमृतसर गुरुद्वारा कमेटी, सभी अकाली दलों के प्रमुख व अन्य जत्थेदारों को निमंत्रण दिया था। हरियाणा व पंजाब के सिख समुदाय ने दिल्ली से आरंभ नगर कीर्तन का भव्य स्वागत करने का भी आश्वासन दिया है। इसमें दोनों ही राज्यों के सिख व अन्य धर्म के लोग शामिल होंगे।
दूसरी तरफ गुरुद्वारा कमेटी के महासचिव हरमीत सिंह कालका ने भी संवाददाता सम्मेलन का आयोजन कर कहा कि सरना बंधु लोगों को गुमराह कर रहे है और कमेटी ही श्रद्धालुओं को पाकिस्तान लेकर जाएगी। उन्होंने कहा पाकिस्तान से मंजूरी के प्रयास किए जा रहे हैं।