‘पूर्वी दिल्ली के चांद बाग इलाके में हुए दंगों में एक राजनीतिक दल के दिल्ली प्रदेशाध्यक्ष ने अहम भूमिका निभाई थी। वह हमेशा चांद बाग में रहता था। दंगों से पहले साजिश रचने के लिए जो बैठकें हुई थीं, उनमें भी यह नेता मौजूद था।’ यह दावा है स्पेशल सेल की गिरफ्त में मौजूद अतर खान (24) का। उधर, स्पेशल सेल दंगों की साजिश रचने के मामले में जुलाई के आखिरी में चार्जशीट दाखिल कर देगी।
स्पेशल सेल दिल्ली दंगों की साजिश का मामला दर्ज कर आरोपियों को गिरफ्तार कर रही है। दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा दंगे करने वालों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है। स्पेशल सेल ने चांद बाग में दंगों की साजिश रचने के आरोप में पिछले हफ्ते चांद बाग निवासी अतर खान को गिरफ्तार किया था।
अतर ने पूछताछ में बताया कि उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुए दंगों से पहले इसकी साजिश के लिए कई बैठकें हुई थीं। ये बैठकें जामिया नगर, चांद बाग और अन्य जगहों पर हुई थीं। इन बैठकों में ही तय किया गया था कि किस तरह दंगों को अंजाम देना है। चांद बाग के दंगों के समय अतर खान, सुलेमान और पार्टी प्रदेशाध्यक्ष मौजूद थे।
अतर खान ने बताया कि सुलेमान लोगों को पैसे बांटता था। उसके पास इसके लिए ऊपर से पैसा आता था। हालांकि कहां से और कितना पैसा सुलेमान के पास आता था, इसकी जानकारी अतर खान को नहीं है। अतर खान को पैसा सुलेमान ही देता था। दंगों के दौरान भी इनकी बैठकें हुई थीं।
अतर ने खुलासा किया है कि दंगों को लेकर ऊपर से जो निर्देश आते थे, वे उसी हिसाब से काम करते थे। 23 फरवरी को ये लोग चांद बाग से वजीराबाद हाईवे पर चले गए थे और वहां चक्का जाम किया था। इस दौरान काफी बवाल हुआ था। चांद बाग को अतर खान, सुलेमान और प्रदेशाध्यक्ष ही संभाल रहे थे। दोनों फरार आरोपियों के खिलाफ वारंट हैं।