तीन लाख करोड़ की खरीदारी का अनुमान
व्यापारियों का अनुमान है कि इस त्योहारी सीजन में करीब 3 लाख करोड़ रुपये की खरीदारी होगी। उनका कहना है कि पूरे देश में 60 करोड़ उपभोक्ता हैं और अगर प्रति व्यक्ति 5000 रुपये का ही खर्च आंका जाए तो 3 लाख करोड़ की खरीदारी होगी। इसी तरह दिल्ली की बात करें तो दो करोड़ की आबादी है। इसमें आधे लोग भी खरीदारी इन त्योहारों के दौरान करते हैं तो 10 हजार करोड़ रुपये की खरीदारी होगी। कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स के महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल का कहना है कि अब लोग कोविड संकट को पूरी तरह से पीछे छोड़ चुके हैं और अपने जीवन के प्रति बेहद सकारात्मक दृष्टिकोण रख रहे हैं, वह त्योहारी सीजन को उत्सव और समृद्धि के साथ मनाना चाहते हैं। करवाचौथ, धन तेरस, दिवाली पर आभूषणों की जमकर खरीदारी होती है।
सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कर रहे व्यापारी
दिवाली के तुरंत बाद शादियों का सीजन शुरू होने वाला है। 23 नवंबर देव उठान एकादशी से शादियों का सीजन शुरू होकर 15 दिसंबर तक चलेगा। एक अनुमान के अनुसार देश भर में करीब 35 लाख शादियां होंगी। इस वजह से खरीदारी भी जमकर होगी। ग्राहकों की संभावित भीड़ को देखते हुए व्यापारी अपने यहां सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कर रहे हैं। इस दौरान आभूषण, साड़ी, लहंगा-चूनी, फर्नीचर, कपड़ों का कारोबार बढ़ जाएगा। बैंक्वेट हॉल, होटल, खुले लॉन, सामुदायिक केंद्र, सार्वजनिक पार्क, फार्म हाउस भी तैयारी में जुटे हुए हैं। टेंट डेकोरेटर, फूलों की सजावट, क्रॉकरी, खानपान सेवा, यात्रा सेवा, कैब सेवा, पेशेवर समूहों का स्वागत, सब्जी विक्रेता, फोटोग्राफर, वीडियोग्राफर, बैंड सहित कई प्रकार की सेवाएं भी शामिल होती हैं।