बाहरी दिल्ली के घेवरा इलाके में मोहल्ला क्लीनिक बंद होने पर मंगलवार को लोग भड़क उठे और क्लीनिक के बाहर दिल्ली सरकार के खिलाफ आक्रोश व्यक्त किया। लोगों के अनुसार, चुनाव से पहले मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मोहल्ला क्लीनिक का उद्घाटन किया था, लेकिन अब बगैर किसी को बताए क्लीनिक बंद कर दिया।
जब लोगों ने इसकी शिकायत स्वास्थ्य विभाग में की, तो संबंधित जिला चिकित्सा अधिकारी ने स्टाफ की कमी का हवाला देते हुए मोहल्ला क्लीनिक शिफ्ट होने की बात कही। ग्रामवासियों ने मोहल्ला क्लीनिक शुरू नहीं होने की स्थिति में राष्ट्रीय राजमार्ग जाम कर प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
घेवरा निवासी राजेश राणा ने बताया कि गांव के लोगों को जानकारी दिए बगैर मोहल्ला क्लीनिक के गेट पर ताला जड़ दिया गया, जबकि जहां इसे शिफ्ट किया है वह काफी दूर है। साथ ही वहां के क्लीनिक में जरूरी टेस्ट, रेफरल स्लिप्स और शिशु एवं मातृत्व चिकित्सा की सुविधाएं नदारद हैं। उन्होंने बताया कि करीब पांच हजार की आबादी के लिए ये मोहल्ला क्लीनिक बनाया गया था। उनके इलाके में स्वास्थ्य सेवाएं बेहद कमजोर हैं।
उन्होंने बताया कि मोहल्ला क्लीनिक में कार्यरत डॉक्टर व अन्य स्टाफ स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही के चलते अपनी सेवाएं छोड़कर चले गए। नए डॉक्टर की नियुक्ति के लिए ग्रामीणों ने उत्तर पश्चिमी जिला चिकित्सा अधिकारी को कई बार सूचना दी, लेकिन स्टाफ की कमी होने का हवाला देकर अन्य स्टाफ को भी नवनिर्मित कराला गांव स्थित मोहल्ला क्लीनिक में शिफ्ट कर दिया।