जग आसरा गुरु ओट (जागो) पार्टी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर करतारपुर साहिब जाने वाले श्रद्धालुओं की संख्या में कमी पर चिंता जताई है। साथ ही पत्र के माध्यम से मांग की गई है कि पासपोर्ट की अनिवार्यता खत्म होनी चाहिए।
पार्टी के अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष मनजीत सिंह जीके ने प्रेस कान्फ्रेंस में बताया कि भारत-पाकिस्तान के बीच हुए समझौते के अनुसार आम दिनों में 5000 व गुरु पर्व पर 10000 यात्री प्रतिदिन कॉरिडोर के जरिये करतारपुर साहिब जा सकते है। 9 नवंबर को प्रधानमंत्री ने इस कॉरिडोर का उद्घाटन किया।
आम लोगों के लिए यह 10 नवंबर से खुला। लेकिन इस दिन महज ढाई सौ सिख संगत ही करतारपुर साहिब जा सके। इसी तरह अगले दिन 122 संगत ही पाकिस्तान जा सके। 13 नवंबर को 290 ही लोग जाने में कामयाब हुए।
बिना पासपोर्ट के करतारपुर जाने की इच्छुक लोग डेरा बाबा नानक से वापस आ जाते है। पत्र में जीके ने प्रधानमंत्री से अपील की है कि सरकार को आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस व पैन कार्ड से भी इस कॉरिडोर को पार करने की इजाजत देनी चाहिए।