संसद भवन के बाहर स्मोक केन से रंगीन धुआं फैलाने वाली गांव घसो खुर्द निवासी नीलम के बारे में सभी प्रकार की जानकारी जींद पुलिस जुटा रही है। दूसरी तरफ, खुफिया विभाग भी इसी काम में लगा हुआ है।
नीलम का किन-किन लोगों से संपर्क था और वह कहां पर आती-जाती थी, सभी प्रकार की जानकारी पुलिस हासिल कर रही है। पूरे मामले की जांच दिल्ली पुलिस कर रही है। वीरवार शाम तक दिल्ली पुलिस ने जींद पुलिस से इस संबंध में संपर्क नहीं किया गया है।
बुधवार दोपहर बाद संसद भवन में कुछ लोग घुस गए और स्मोक केन से रंगीन धुआं फैलाया था। संसद भवन की सुरक्षा में चूक होने पर सभी सांसद गुस्से में थे। संसद भवन के बाहर स्मोक केन से रंगीन धुआं फैलाने वाली जींद के गांव घसो खुर्द निवासी 33 वर्षीय नीलम भी शामिल थी। नीलम हिसार के एक पीजी में रहकर पढ़ाई कर रही थी। उसने बीए, एमए, एमफिल, नेट, सीटेट और एचटेट पास किया हुआ है।
वह फिलहाल हरियाणा सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रही थी। वह कैसे दिल्ली पहुंची और संसद भवन में स्मॉग फैलाने वालों के संपर्क में आई, इसकी जांच जारी है। नीलम की मां सरस्वती को भी नहीं पता कि वह दिल्ली कैसे पहुंची। घरवालों को वह हिसार जाने की बात कहकर 25 नवंबर को निकली थी।
जींद पुलिस नीलम का पूरा रिकाॅर्ड खंगाल रही है। वह किस संगठन से जुड़ी हुई थी और किस-किससे बातचीत करती थी। गांव में कौन-कौन लोग उसके संपर्क में थे, इन सभी बिंदुओं की जांच पुलिस कर रही है।
नीलम के बारे में सभी प्रकार की जानकारी जुटाई जा रही है। वह संसद में घुसने वाले लोगों के संपर्क में कैसे आई और उन्होंने यह योजना कैसे बनाई। इसके अलावा गांव में वह किस-किस के संपर्क में रहती थी व किस संगठन से जुड़ी हुई थी। इन सभी पहलुओं की जानकारी जुटाई जा रही है। मामले की जांच दिल्ली पुलिस कर रही है। फिलहाल दिल्ली पुलिस ने वीरवार शाम तक कोई संपर्क नहीं किया है। -सुमित कुमार, पुलिस अधीक्षक, जींद।