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जुनैद हत्याकांड: पुलिस की बर्बरता के खिलाफ पंचायत में खुलकर बोले लोग

Sat, 01 Jul 2017 02:47 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, फरीदाबाद
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junaid murder
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जुनैद हत्याकांड में गिरफ्तार पांच आरोपियों के अलावा कई और संदिग्ध पुलिस के रडार पर हैं। पुलिस ने 25 लोगों की सूची तैयार की हुई है। यह बात सामने आने के बाद खांबी गांव में दहशत का माहौल है। ट्रेन से दिल्ली-फरीदाबाद की तरफ जाने वाले बचे हुए लोग भी घरों को छोड़कर गायब हैं। लोगों का कहना है कि कहीं फिर से पुलिस 27 जून की रात वाली बर्बतरा न दोहरा दे। 
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पंचायत के सामने शुक्रवार को महिलाएं पुलिस के खिलाफ जमकर बोलीं। एक महिला ने तो पुलिस पर उसकी बेटी के सिर पर पिस्तौल रखकर उसके बेटे को उठा ले जाने का आरोप लगाया।

महिला का आरोप था कि ऐसी बर्बरता उन्होंने कभी नहीं देखी। अब इस बात को लेकर गांव के लोग मुख्यमंत्री से मिलने के अलावा अदालत में भी पुलिस के खिलाफ मुकदमा दायर करने का मन बना रहे हैं।
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'आरोपी को पकड़ने के बजाय अन्य लोगों को प्रताड़ित कर रही पुल‌िस'

- फोटो : अमर उजाला
गांव के रामदेव ने कहा कि यह हत्या का मामला है और पुलिस को इस मामले में पूरी तरह से निष्पक्ष जांच करनी चाहिए। पुलिस हत्या में लिप्त मुख्य आरोपी को पकड़ने के बजाय अन्य लोगों को प्रताड़ित करने का काम कर रही है।

मा. राजबीर ने कहा कि पुलिस ने जो गांव में छापेमारी की थी वह पूरी तरह से नाजायज थी। रात के समय घरों के दरवाजों को तोडकां घर में प्रवेश करना और महिलाओं को धमकाकर घरों में से लोगों को उठा ले जाना पुलिस की बर्बरता को दर्शाता है।

पंच गुरुदत्त का कहना है कि जुनैद हत्याकांड में मुख्य आरोपियों की तलाश करके उन्हें सजा मिलनी चाहिए, लेकिन दोषियों को पकडने के बजाय निर्दोश लोगों को इस मामले में परेशान करना गलत है।
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'जरूरत पड़ी तो क्षेत्र के लाखों लोगों को एकत्रित कर महापंचायत की जाएगी'

बांह पर काली पट्टी बांधकर नमाज अदा करने पहुंचे लोग - फोटो : अमर उजाला
सरपंच पति हरिदत्त ने बताया कि मुख्य आरोपियों को पकड़ने में पुलिस विफल साबित हुई है इसलिए इस मामले में गांव के निर्दोश लोगों को फंसाने का काम कर रही है, लेकिन वह पुलिस की इस योजना को कामयाब होने नहीं देंगे।

​अगर जरूरत पड़ी तो क्षेत्र के लाखों लोगों को एकत्रित कर महापंचायत की जाएंगी और पुलिस के खिलाफ आदोलन की रूपरेखा तैयार की जाएगी। पुलिस को इस मामले में निर्दोशों को फसाने के बजाय दोषियों को तलाश करके उन्हें सजा देना चाहिए।
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