अनलॉक-1 में बाजार, मॉल व दुकानें तो खुलीं लेकिन कई तरह की समस्याओं के कारण अब बाजार बंद होने लगे है। कोरोना के बढ़ते संक्रमण के कारण बाजार एसोसिएशन बैठक कर बाजार बंद करने का निर्णय ले रहे हैं। पालिका बाजार के बेसमेंट में सेंट्रलाइज एसी बंद होने, सुरक्षा व्यवस्था बेहतर नहीं होने के कारण पालिका एसोसिएशन ने दुकानें बंद रखने का निर्णय लिया है।
दरअसल कोरोना वायरस की वजह से न तो एसी चलाने की अनुमति है और न ही गार्ड ग्राहकों को चेक कर पा रहे है। पालिका बाजार एसोसिएशन के चेयरमैन बलजीत सिंह कोहली ने बताया कि गर्मी में बिना एसी के मास्क लगाकर आने के लिए न तो ग्राहक तैयार हो रहे है और न ही दुकानदार।
इतना ही नहीं चार शौचालय में तीन शौचालय बंद है। ऐसे में यहां सोशल डिस्टेंसिंग का पालन नहीं हो रहा है। ऐसे में दुकान खोलना असुरक्षित है। लिहाजा अगले कुछ दिनों के लिए पालिका बाजार को बंद रखने का निर्णय लिया गया है।
उधर कंफेडरेशन ऑफ सदर बाजार ट्रेडर्स एसोसिएशन के उपाध्यक्ष परमजीत सिंह पम्मा ने बताया कि कोरोना की वजह से भले ही पंद्रह जून से सरोजनी नगर समेत अन्य बाजार बंद हो रहे हैं लेकिन सदर बाजार के व्यापारी दुकान बंद नहीं करेंगे।
सरोजनी नगर एसोसिएशन के अध्यक्ष अशोक रंधावा ने कहा है 15 जून से ग्राहकों की कमी को देखते हुए मार्केट बंद करने का निर्णय लिया गया है। खारी बावली के व्यापारियों का कहना है कि 100 से अधिक कोरोना के मरीज मिले हैं। ऐसे में बाजार बंद कर देना ही उचित है। ऑल दिल्ली कंप्यूटर ट्रेडर्स एसोसिएशन नेहरू प्लेस अध्यक्ष महेंद्र अग्रवाल का कहना है कि बाजार बंद करना समस्या का समाधान नहीं है।
व्यापारियों ने बनाई किराया समन्वय कमेटी
दुकानदारों की समस्याओं को देखते हुए चैंबर ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (सीटीआई) ने 11 सदस्यीय समन्वय कमेटी का गठन किया है। कमेटी लॉकडाउन की वजह से बंद दुकानों और फैक्ट्रियों के किराये को लेकर मकान मालिक और व्यापारियों के बीच समन्वय स्थापित करेगी। सीटीआई के कन्वीनर बृजेश गोयल ने बताया कि दुकान के किराये को लेकर आ रही परेशानी का समाधान कमेटी ढूंढेंगी।