-रिटेल और थोक दवा विक्रेताओं को ड्रग्स मॉनिटरिंग सिस्टम पर खरीद-बिक्री का रिकॉर्ड दर्ज करना अनिवार्य
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली में नशीली दवाओं की खरीद-ब्रिकी की अब ऑनलाइन निगरानी की जाएगी। इसके लिए ड्रग्स मॉनिटरिंग सिस्टम तैयार किया गया है। जिस पर हितधारकों को दवाओं की खरीद से लेकर ब्रिकी का ब्यौरा अनिवार्य तौर पर दर्ज करना होगा। इस संबंध में दिल्ली सरकार के ड्रग्स कंट्रोल विभाग ने सर्कुलर जारी किया है।
सर्कुलर के अनुसार यह कदम नारकोटिक्स ड्रग्स और साइकोट्रॉपिक सब्सटेंस की बिक्री पर निगरानी और सख्त करने के लिए उठाया गया है। एनआईसी-दिल्ली के सहयोग से ड्रग्स मॉनिटरिंग सिस्टम तैयार किया है। इसके जरिए दिल्ली में रिटेल और थोक दवा विक्रेताओं द्वारा बेची जाने वाली ऐसी दवाओं की ऑनलाइन निगरानी की जाएगी, जो शेड्यूल एच1 के तहत आती है।
पोर्टल अब लाइव कर दिया गया है। इससे जुड़े सभी हितधारकों को इसका अनिवार्य रूप से इस्तेमाल करने के निर्देश दिए हैं। नए सिस्टम के तहत पोर्टल पर उपलब्ध सभी संबंधित दवाओं की खरीद और बिक्री का रिकॉर्ड दर्ज करना होगा। इससे दवाओं की सप्लाई और बिक्री की डिजिटल ट्रैकिंग संभव होगी और यह पता लगाने में भी मदद मिलेगी कि नियंत्रित श्रेणी की दवाएं कहां से खरीदी और किसे बेची जा रही हैं।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि पोर्टल पर लॉगिन के लिए दवा विक्रेताओं और अन्य संबंधित लाइसेंसधारकों को पोर्टल पर पंजीकृत मोबाइल नंबर का इस्तेमाल करना होगा।