करवाचौथ पर मेहंदी लगवाने पर अरहर की दाल फ्री मिल रही है। यह ऑफर राजनगर सेक्टर-10 के बाजार की एक कास्मेटिक की दुकान पर था। 10 महिलाओं को 2100 रुपये की मेहंदी लगवाने पर एक किलो अरहर की दाल फ्री दी गई।
मेहंदी पर फ्री दाल के ऑफर का लाभ न्यू ब्राइडल महिलाओं ने उठाया। मेहंदी पर फ्री दाल का ऑफर चलाने वाले राजू ने बताया कि दाल की महंगाई इस समय चर्चा का विषय है।
हर घर की जरूरत दाल की महंगाई से महिलाएं परेशान हैं, इसलिए मेहंदी पर दाल फ्री का ऑफर देकर लोगों का ध्यान इसकी महंगाई पर आकर्षित करना था।
उन्होंने बताया कि अमूमन नवविवाहिताएं करवाचौथ पर 1500 से 2000 तक की मेहंदी लगवा लेती हैं। ऐसे में इस बार सबसे अधिक मेहंदी लगाने वाली महिलाओं को उपहार स्वरूप अरहर की दाल फ्री दी गई।
सुबह से रात आठ बजे तक 10 महिलाओं ने 21 सौ की मेहंदी लगवाई और एक किलो दाल घर लेकर गईं।
आंचल ने बताया कि करवाचौथ पर वैसे भी मेहंदी रचाने की कीमत दोगुनी ही होती है। दोनों हाथ और पैरों पर मेहंदी लगवाने को अमूमन 1500 से दो हजार रुपये लग ही जाते हैं।
ऐसे में 160 से 200 रुपये किलो मिलने वाली दाल फ्री में मिले तो महंगी मेहंदी लगाने का अनुभव भी अलग तरह का है।
देर रात तक हुई खरीदारी
करवाचौथ की तैयारियों में लगी महिलाओं ने बृहस्पतिवार देर रात तक खरीदारी की। मेहंदी रचाने के लिए बाजार में महिलाओं की भीड़ तो थी ही। साथ ही देर रात तक साड़ी और ज्वैलरी की दुकान पर भी महिलाओं की भारी भीड़ उमड़ी।
शाम को मिथुन लग्न में पूजा करने से मिलेगा लाभ
पति की लंबी आयु के लिए करवाचौथ पर निर्जला व्रत रखकर सुहागिनों द्वारा शिव, पार्वती, स्वामी कार्तिकेय के साथ ही गणेश और चंद्रमा की पूजा का विधान है। इसकेसाथ ही इस दिन सुहागिन महिलाओं द्वारा श्रृंगार के सामानों को भी पूजा जाता है।
पंडित दुलीदत्त कौशिक ने बताया कि करवाचौथ पर सूर्योदय से पूर्व स्नान कर व्रत रखने का नियम है। करवाचौथ की पूजा के लिए बालू या मिट्टी की एक वेदी बनाकर भगवान शिव-पार्वती, कार्तिकेय, चंद्रमा और गणेश को स्थापित कर उनकी विधिपूर्वक पूजा करना चाहिए।
पूजा में माता गौरी को लकड़ी के सिंहासन पर विराजें और उन्हें लाल रंग की चुनरी पहना कर सुहाग सामग्री अर्पित करें। इसके बाद उनकेसामने जल से भरा कलश स्थापित करें।
आज 8:24 बजे निकलेगा चांद
पंडित दुलीदत्त कौशिक ने बताया कि बनारस के पंचांग के मुताबिक चंद्रोदय का समय रात 8:39 बजे का है, जबकि राजधानी (दिल्ली) पंचांग के मुताबिक चंद्रोदय का समय 8:24 है।
यूपी में बनारस का पंचांग मान्य है किंतु दिल्ली के करीब होने से गाजियाबाद में चंद्रोदय राजधानी पंचांग के मुताबिक ही होगा।