एनएसयूआई ने अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर शनिवार देर शाम कैंडल मार्च निकाला। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ के नेतृत्व में निकाला गया यह मार्च एनएसयूआई के राष्ट्रीय कार्यालय से शुरू हुआ। प्रदर्शन के दौरान मौके पर भारी पुलिस बल तैनात रहा। इस दौरान एनएसयूआई कार्यकर्ता अंकिता को न्याय दो, न्याय दो के नारे लगाते रहे। अंकिता भंडारी के मामले में दोषियों को सख्त सजा देने और न्याय की मांग की गई।
एनएसयूआई को यह मार्च अपने कार्यकाल से जंतर मंतर तक निकालना था, लेकिन पुलिस की बैरिकेडिंग के कारण उन्हें आगे जाने नही दिया तो कार्यकर्ताओं ने वहीं बैठकर मोमबत्तियां जलाकर नारे लगाते हुए विरोध प्रदर्शन किया।
एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने अंकिता भंडारी के लिए न्याय और मामले में जवाबदेही तय करने की मांग उठाई। मार्च के दौरान विनोद जाखड़ ने भाजपा के महिला सशक्तीकरण से जुड़े दावों पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा एक ओर नारी वंदन की बात करती है, वहीं दूसरी ओर ऐसे व्यक्ति को राज्यपाल नियुक्त कर रही है, जिसके खिलाफ जांच जारी है।
उन्होंने अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के मुद्दे को नजरअंदाज करने के बजाय मामले में जवाबदेही सुनिश्चित किए जाने की बात की। एनएसयूआई ने कहा कि संगठन अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए अपनी आवाज उठाता रहेगा। साथ ही, मामले में निष्पक्ष और पारदर्शी प्रक्रिया सुनिश्चित करने की मांग की।