फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

15 अगस्त पर संस्थान ने दिया तोहफा, अब बुजुर्गों को इलाज के लिए नहीं जाना होगा एम्स

Tue, 14 Aug 2018 08:46 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, दिल्ली
विज्ञापन
फाइल फोटो
विज्ञापन
अपने घर-परिवार से दूर वृद्घाश्रम में जीवन काट रहे बुजुर्गों को देश के सबसे बड़े चिकित्सीय संस्थान एम्स ने स्वतंत्रता दिवस पर तोहफा दिया है। जल्द ही एम्स के डॉक्टर दिल्ली के वृद्घाश्रम में जाकर बुजुर्गों का उपचार करेंगे। 
विज्ञापन


अब उन्हें इलाज के लिए एम्स तक आने की जरूरत नहीं होगी। इसके लिए 24 अगस्त को एक मेडिकल मोबाइल वैन की शुरुआत की जाएगी। इस वैन से दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र के वृद्धाश्रम में इलाज की सुविधा मुहैया कराई जाएगी। 

रोटरी क्लब एवं हेल्दी एजिंग इंडिया के साथ मिलकर एम्स ने यह पहल की है। अब हर माह वरिष्ठ डॉक्टरों की टीम वृद्धाश्रम में सेहत की जांच करेगी। वैन में जरूरत पड़ने पर फिजियोथेरेपी की जा सकेगी और दवा भी उपलब्ध होगी।     
विज्ञापन

 
हेल्दी एजिंग इंडिया एवं एम्स के डॉक्टर प्रसून चटर्जी ने बताया कि बुजुर्गों के इलाज को लेकर अक्सर परेशानी देखने को मिलती है। अस्पतालों में मरीजों की लंबी कतारें होने की वजह से बुजुर्ग मरीजों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। 
विज्ञापन

ऐसे में जरूरी है कि इन वरिष्ठ नागरिकों को उनके द्वार तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने का फैसला एम्स ने निजी संस्थानों के सहयोग से किया है। शुरुआत में यह सुविधा दिल्ली एनसीआर के करीब 21 वृद्घाश्रमों में उपलब्ध होगी। यहां हर माह डॉक्टरों की टीम जांच के लिए पहुंचेगी। 

एम्स के जिरिएट्रिक विभाग के डॉ. विजय कुमार ने बताया कि प्रधानमंत्री ने भी एम्स में एजिंग इंस्टिट्यूट की नींव रखी है। ऐसे में सभी सुविधाओं को निशुल्क रखा गया है। अगर स्वास्थ्य जांच में कोई वरिष्ठ नागरिक गंभीर बीमारी से ग्रस्त पाया जाता है तो उन्हें एम्स लाकर पूरा उपचार दिया जाएगा।       
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें