आवास एवं विकास परिषद ने अपनी योजनाओं को हिट कराने के लिए 2015 तक फ्लैट की कीमतें न बढ़ाने का निर्णय लिया है। परिषद ने सबसे पहले इस स्कीम को सिद्धार्थ विहार योजना में लागू किया है।
आविप सिद्धार्थ विहार में बहुमंजिला इमारतों में करीब 1500 फ्लैट बना रहा है। मार्केट रेट के हिसाब से इनकी कीमत अधिक है। हालांकि अफसरों का कहना है कि भूकंप रोधी विदेशी शियरवाल तकनीक के चलते इनकी लागत कुछ ज्यादा है।
इसलिए फ्लैट बिकें या फिर न बिकें, 2015 तक इनकी कीमतें स्थिर रखी जाएंगी। आवास आयुक्त एमकेएस सुंदरम ने बताया कि 2015 तक फ्लैट का मार्केट रेट तो बढ़ेगा मगर परिषद इनकी कीमतें नहीं बढ़ाएगा।
जानकारों का कहना है कि परिषद की इस स्कीम से योजना के फ्लॉप होने का डर खत्म हो गया है। अब योजना के लांच होने से तीन साल के भीतर यानी 2015 तक फ्लैट बिक ही जाएंगे।
सबसे ज्यादा लाभ सिद्धार्थ विहार के साथ दिल्ली-सहारनपुर और लोनी योजना के आवेदकों को मिल सकता है।
20 फीसदी की बढ़ोतरी संभव
बिल्डर एसोसिएशन के महासचिव का कहना है कि 2015 में फ्लैट की मार्केट वैल्यू में 20 फीसदी तक की बढ़ोत्तरी होने की संभावना है। ऐसे में 40 लाख का फ्लैट 50 लाख की कीमत तक पहुंच सकता है, मगर परिषद अपनी पुरानी कीमतें रखकर लोगों को लुभाएगा।