ग्रेटर नोएडा। काम में लापरवाही बरतने पर यमुना प्राधिकरण के क्लर्क प्रवीण कुमार को नौकरी से निकाल दिया गया है। यीडा के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने बृहस्पतिवार को संपत्ति विभाग के औचक निरीक्षण में खामियां मिलने पर कार्रवाई की है। अब प्राधिकरण आने वालों का ब्योरा रजिस्टर में दर्ज किया जाएगा।
संपत्ति विभाग में तैनात बाबू के खिलाफ शिकायतें मिल रही थीं। वहीं, निरीक्षण के दौरान एक आवंटी ने शिकायत की कि वह कई बार आ चुके हैं, लेकिन अब तक काम नहीं हो पाया है। इस पर सीईओ ने क्लर्क प्रवीण कुमार को तत्काल हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अगर आवंटी शिकायत देता है तो एफआईआर भी दर्ज करवाई जाएगी। सीईओ ने प्राधिकरण में तैनात निजी सुरक्षा कर्मियों को भी पुलिस के अधीन कर दिया।
यहां इंस्पेक्टर और कांस्टेबल तैनात रहते हैं। अब इन्हीं की देखरेख में सुरक्षा कर्मी काम करेंगे। वहीं, प्रवेश द्वार पर एक रजिस्टर रखा जाएगा। इस पर प्राधिकरण आने वाले लोग अपना नाम, मोबाइल नंबर और कारण लिखेंगे। जाते समय यह लिखेंगे कि काम हुआ है या नहीं। एसीईओ रजिस्टर की औचक जांच करेंगे। आवंटी व उसके परिवार के लोग ही प्राधिकरण आ सकेंगे। बाहरी व्यक्तियों के आने पर पाबंदी रहेगी।
यमुना प्राधिकरण आवंटियों की सहूलियत के लिए एक और काम करने जा रहा है। रजिस्ट्रेशन और ट्रांसफर शुल्क, पीएलसी, लीज रेंट में लिए जाने वाले पैसे की जानकारी प्राधिकरण की वेबसाइट पर भी अपलोड की जाएगी। साथ ही अखबारों में प्रकाशित कराई जाएगी। इससे आवंटियों को सही जानकारी मिल सकेगी।