युवाओं को रोजगार के अवसर देने के उद्देश्य से पहले रोजगार मिशन इंडस्ट्री कनेक्ट कार्यक्रम की शुरुआत ग्रेटर नोएडा से की गई है। यहां हजारों की संख्या में इंडस्ट्री, शैक्षिक संस्थान मौजूद हैं। सेवायोजन विभाग और शिक्षा क्षेत्र को एकजुट कर युवाओं को उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप प्रशिक्षित करना है, ताकि स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित किए जा सकें।
तीन प्रतिशत से भी कम बेरोजगारी दर
प्रदेश में बेरोजगारी दर तीन प्रतिशत से भी कम है। महिलाओं को अधिक से अधिक रोजगार से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। वहीं राज्य मंत्री मनोहर लाल पंथ ने कहा कि देश और प्रदेश की सरकार युवाओं को रोजगार से जोड़ रही है। छह हजार से अधिक लोग जापान में कार्यरत हैं, जिनके माध्यम से प्रदेश को 1400 करोड़ रुपये सालाना प्रदेश को रिमिटेंस के रूप में मिल रहा है। अगले वर्षों में दो लाख लोगों को बाहर भेजना का लक्ष्य रखा गया है। जर्मनी में नर्सों और गल्फ देशों में ड्राइवरों की मांग को पूरा करने के लिए भी प्रयास जारी हैं।
जितनी इंडस्ट्री बढ़ेगी उतनी ही रोजगार की क्षमता बढ़ेगी
श्रम एवं सेवायोजन विभाग के प्रमुख सचिव डा.एमके शन्मुगा सुंदरम ने कहा कि प्रदेश में महिलाओं की 29 जगह प्रतिबंधित कार्यप्रणाली को हटाया गया। नौकरी में महिलाओं के भागीदारी बढ़ाई जा रही है। इसराइल,जर्मनी, जापान सहित कई देशों में उत्तर प्रदेश के कर्मचारी काम कर रहे हैं। वहां कर्मचारियों को डेढ़ लाख रुपये प्रति माह मिल रहा है इसके साथ ही उन्हें खाना और रहना भी फ्री मिल रहा है। प्रदेश जितनी इंडस्ट्री बढ़ेगी उतनी ही रोजगार की क्षमता बढ़ेगी। जून 2025 में बेरोजगारी दर 3.6 प्रतिशत थी, जो जुलाई में घटकर 5.2 प्रतिशत रह गई।
तीन पोर्टल कर रहे काम
अपर निदेशक सेवायोजन पीके पुंडीर ने कहा कि मिशन सरकार, उद्योग और शिक्षा को एक मंच पर लाने की पहल है। पोर्टल, मित्र पोर्टल, और संगम के माध्यम से 50 लाख से अधिक लोग पंजीकृत हैं। वर्तमान वित्त वर्ष में 25 लाख लोगों को विदेश और 3 लाख को स्थानीय स्तर पर देने का लक्ष्य है। जापान, जर्मनी और रूस से एक लाख कर्मचारियों की मांग आई है, जिन्हें भाषा प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। 26 से 28 अगस्त तक लखनऊ में इस मिशन से संबंधित एक आयोजन होगा। इस मौके पर सेवायोजन विभाग के निदेशक नेहा प्रकाश, ब्रिक्स अध्यक्ष चैंबर आफ कामर्स एंड इंडस्ट्री हरवंश चावला के साथ नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, टीसीएस, शारदा यूनिवर्सिटी एमिटी यूनिवर्सिटी, लॉयड कॉलेज गलगोटिया कॉलेज, सैमसंग, वीवो हायर,विप्रो अपोलो आदि के प्रतिनिधि मौजूद रहे।