तावडू। उपमंडल के अंतर्गत अलग-अलग गांवों में दो नाबालिगों से सामूहिक दुष्कर्म के मामले सामने आए हैं। पीड़िताओं की शिकायत पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। एक मामले में घर में घुसकर सामूहिक दुष्कर्म किया गया और दूसरे में पीड़ित को बंधक बनाकर आरोपियों ने दुस्साहस किया।
पहले मामले में 16 वर्षीय किशोरी का आरोप है कि गत 28 अप्रैल की रात उसके परिवार के सभी सदस्य घर में सोये हुए थे। तभी रात करीब 11 बजे सुबेदिन उर्फ पुछु व निसार उनके कमरे में घुस आए। आरोपियों ने मुंह बंद कर बारी-बारी से पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। आरोपियों ने जाते समय धमकी दी कि यदि शोर मचाया या अपने घर वालों को बताया तो वे उसकी वीडियो वायरल कर देंगे। फिर भी पीड़िता ने शोर मचाया। परिजन जागकर पीड़िता के पास पहुंचे तब तक आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी हर रोज उन पर समझौता करने का दबाव बना रहे हैं। वहीं खुलेआम गांव में घूम कर जान से मारने की भी धमकी दे रहे हैं। जिससे वह सदमे में है। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
वहीं दूसरे मामले में पीड़िता के पिता ने बताया कि गत 5 मई की दोपहर करीब 3 बजे उनकी बेटी गांव में ही रेलवे लाइन के पास मिट्टी लेने गई थी। काफी देर तक नहीं लौटी तो परिवार के लोगों ने उसकी खोजबीन शुरू की। देर शाम उन्हें पुत्री बदहवास हालत में खेतों में मिली। घर पहुंच कर नाबालिग ने बताया कि उसे गांव के ही शक्की व सुस्सा खेतों में मिले थे। आरोपी उसे जबरन बाइक पर बिठाकर घुसपैठी पहाड़ में बने चेंबर में ले गए। वहां एक अन्य व्यक्ति की मदद से चेंबर में बने कमरे को बाहर से बंद कर दिया। फिर बारी-बारी से उसके साथ दुष्कर्म किया। किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी। 3 से 4 घंटे तक उसे कमरे में बंधक बनाकर रखा। बाद में खेत में छोड़कर भाग गए। पीड़ित व्यक्ति ने बताया कि अब तक मामले का समाधान करने के लिए फैसले की बात चल रही थी, लेकिन कोई फैसला नहीं हो सका।