सेक्टर- 94 स्थित पोस्टमार्टम हाउस में रखे एक युवती के शव की नाक चूहों ने काट दी। डीप फ्रीजर खराब होने की वजह से शव को बाहर ही रखा गया था। इस घटना से युवती के परिजन काफी आहत हैं। मामला संज्ञान में आते ही सीएमओ ने जांच के आदेश दिए हैं।
छलेरा में रहने वाली एक युवती ने आत्महत्या कर ली थी। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराने के लिए सेक्टर- 94 स्थित पोस्टमार्टम हाउस भेजा था। यहां डीप फ्रीजर पिछले कई वर्षों से खराब पड़े हैं। ऐसे में शव को बाहर खुले में ही रख दिया गया। इस दौरान पोस्टमार्टम हाउस के एक गार्ड ने युवती के परिजनों से बाहर खड़े निजी शव वाहन से कुछ देर के लिए डीप फ्रीजर किराये पर लेने के लिए कहा था, लेकिन परिजनों ने ऐसा करने से इनकार कर दिया।
परिजन बनवारी लाल ने बताया कि पोस्टमार्टम हाउस के कमरे का शीशा टूटा हुआ था। वहां से घुसे चूहे ने शव की नाक में काट लिया। हालांकि परिजनों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से उन्हें पूरा सहयोग दिया गया। शव को घर पहुंचाने के लिए एंबुलेंस भी उपलब्ध कराई गई।
निजी शव वाहन चालक उठा रहे फायदा
पोस्टमार्टम हाउस का डीप फ्रीजर खराब होने का फायदा वहां खड़े होने वाले निजी शव वाहनों के चालक उठा रहे हैं। वह कुछ घंटों के लिए शव को अपने डीप फ्रीजर में रखने के पांच हजार रुपये लेते हैं। पोस्टमार्टम हाउस संचालक भी शव वाहनों के डीप फ्रीजर अंदर लाने की अनुमति दे देता है।
पहले भी हो चुकी हैं लापरवाही
पोस्टमार्टम की हालत बहुत खराब है। यहां के कमरे का गेट भी टूटा हुआ था। इस वजह से कुत्ते अंदर आ जाते थे। इस खबर को अमर उजाला ने प्राथमिकता से प्रकाशित किया था। उसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने गेट को ठीक कराया था।
केमिस्ट एसोसिएशन, अध्यक्ष, अनूप खन्ना ने बताया कि पोस्टमार्टम हाउस में शव बाहर रखे जाते थे, आसपास के क्षेत्र में बदबू फैलती थी। इसे देखते हुए एसोसिएशन ने डीप फ्रीजर डोनेट किया था। एक और डीप फ्रीजर डोनेट करना चाहा तो बताया गया कि जगह नहीं है। इसके अलावा रिक्शा भी दिया था, वह भी गायब हो चुका है।
सीएमओ डॉ. अनुुराग भार्गव ने बताया कि मामले में जांच के आदेश दिए गए हैं। दोषी कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। इस बात का पूरा ध्यान रखा जाएगा कि दोबारा ऐसी घटना न हो।