माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। ईरान के साथ जारी अमेरिका-इस्राइल युद्ध और गैस संकट ने एमएसएमई सेक्टर को बुरी तरह प्रभावित किया है। इस सेक्टर पर गैस सिलिंडर की किल्लत के बाद महंगाई की मार पड़ रही है। प्लास्टिक के बाद अब पेपर भी 30 से 40 प्रतिशत तकमहंगा हो गया है। वहीं, लोहे और एल्युमीनियम की कीमतें भी लगातार बढ़ी हैं, जिससे उद्यमी परेशान हैं। उद्यमियों ने बताया कि कई उद्योग गैस न मिलने की वजह से बंद हैं, जबकि कई महंगाई की वजह से बंद होने की कगार पर हैं।
इंडस्ट्रियल बिजनेस एसोसिएशन के अध्यक्ष अमित उपाध्याय ने बताया कि उद्योगों के लिए आवश्यक कच्चा माल, गैस और ऊर्जा संसाधन या तो उपलब्ध ही नहीं हैं, या महंगे दामों पर मिल रहे हैं। इससे छोटे उद्योगों का चलना संभव नहीं। पीएनजी गैस की आपूर्ति में काफी अनियमितताएं है।
उद्यमियों ने बताया कि कच्चा माल केवल अग्रिम भुगतान पर मिल रहा है। बड़े खरीदार कीमत बढ़ोत्तरी को स्वीकार नहीं कर रहे। बिजली बिल, वेतन, किराया और बैंक ईएमआई कमर तोड़ रही है।