ग्रेटर नोएडा। सूरजपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में 17 जून को घर से मंगलसूत्र और 40 हजार रुपये लेकर निकली सब्जी विक्रेता की बेटी कुछ देर बाद वापस लौट आई। इसके तीन दिन बाद उसने सुसाइड नोट लिख फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। मौत से पहले नाबालिग ने पड़ोसी युवक, उसके घरवालों को मौत का जिम्मेदार बताया और अपने मकान मालिक पर उनका साथ देने का आरोप लगाया। पीड़ित परिवार ने आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है।
छात्रा के पिता का कहना है कि वे सब्जी बेचकर परिवार का गुजारा चलाते हैं और किराए पर रहते हैं। उनकी सबसे छोटी बेटी सातवीं की छात्रा थी लेकिन कोरोना के चलते वह एक साल से अधिक समय से स्कूल नहीं जा पा रही थी। पिता का आरोप है कि पड़ोस में रहने वाले युवक कमल ने उनकी बेटी को मंगलसूत्र और नकदी लेकर अपने घर बुलाया था। नहीं आने पर छात्रा के भाई को जान से मारने की धमकी दी थी। इस पर पीड़िता 17 जून को घर से मंगल सूत्र व रुपये लेकर कमल के घर पहुंच गई। आरोप है कमल व उसके घर वालों ने नकदी-आभूूषण छीनकर पीड़िता को भगा दिया। इसके बाद कमल के घरवाले उनके घर पहुंचे और गाली-गलौच की। इसके बाद 19 जून को सब्जी विक्रेता के मकान मालिक की पत्नी ने भी पीड़िता से अभद्रता की और थप्पड़ मारा था। मकान खाली करने को भी कहा था।
सुसाइड नोट में लिखा.. मुझे इंसाफ चाहिए
इसके अगले दिन छात्रा ने सुसाइड नोट लिख फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। सुसाइड नोट में पीड़िता ने लिखा कि मेरी मौत के जिम्मेदार कमल और उसके घरवाले हैं। मकान मालिक भी आरोपियों का ही साथ दे रहे हैं। मुझे इंसाफ चाहिए। वहीं, कोतवाली प्रभारी अजय कुमार ने बताया कि सुसाइड नोट व शिकायत के आधार पर कमल व उसके परिजनों और मकान मालकिन सहित कुल छह लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। जांच में पता चला है कि आरोपी कमल का रिश्ता तय हो गया था, उसके बाद लड़की के मंगलसूत्र लेकर उसके घर जाने की घटना हुई थी। आरोपी को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।