- अमर उजाला जूनियर शतरंज प्रतियोगिता में नोएडा और ग्रेनो के तीन स्कूलों में 1013 छात्रों ने खेली बाजियां
संवाद न्यूज एजेंसी
नोएडा /ग्रेटर नोएडा। अमर उजाला की ओर से आयोजित किए जा रहे जूनियर शतरंज प्रतियोगिता में सोमवार को ग्रेनो के दो और नोएडा के एक स्कूल में मुकाबले हुए। सिग्मा-1 स्थित ग्रेटर नोएडा वर्ल्ड स्कूल में 80 छात्रों ने शतरंज की बाजियां खेलीं। वहीं अल्फा-1 स्थित सेंट जोसफ स्कूल में 900 छात्रों ने शतरंज की बिसात पर शह और मात का खेल खेला। इसी तरह नोएडा सेक्टर-49 स्थित द एसडी विद्या स्कूल में कक्षा 5 से 11 तक के 33 प्रतिभागी प्रतियोगिता में शामिल हुए।
सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक चली प्रतियोगिता में छात्रों ने रणनीति, धैर्य और मजबूत एकाग्रता का प्रदर्शन किया। प्रत्येक मैच के लिए 15 मिनट का समय निर्धारित था। टाई की स्थिति में 5 मिनट का अतिरिक्त समय दिया गया। प्रतियोगिता में कुल सात से आठ राउंड खेले गए जिनमें हर राउंड पिछले से ज्यादा रोमांचक रहा। कई मुकाबले अंतिम चाल तक पहुंच गए जहां जीत-हार कुछ सेकंड और एक सही मूव के अंतर से तय हुई। कुछ खिलाड़ियों ने ऊंट की तिरछी चाल से रानी को रोककर खेल की दिशा बदल दी।
दोनों वर्गों में सबसे बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को ग्रैंड फिनाले में खेलने का अवसर मिलेगा। ग्रेटर नोएडा वर्ल्ड स्कूल की प्रधानाचार्य मंजू कौल रैना ने कहा कि ऐसी प्रतियेागिताओं से छात्रों का मानसिक विकास होता है। सेंट जोसफ स्कूल के प्रधानाचार्य फादर जिप्सन पैलेटी ने कहा कि ऐसी प्रतियोगिताएं बच्चों की विश्लेषण क्षमता, धैर्य और निर्णय-शक्ति को मजबूत करती हैं। द एसडी विद्या स्कूल की प्रधानाचार्या अनु पुरी और फिजिकल एजुकेशन टीचर रंजन ठाकुर ने छात्रों के उत्साह और अनुशासन की सराहना की। उन्होंने कहा कि शतरंज जीवन में सही निर्णय लेने की कला सिखाता है।
ग्रैंड फिनाले में इन्होंने बनाई जगह
ग्रेटर नोएडा वर्ल्ड स्कूल, सिग्मा-1
सीनियर : अर्णव भाटी, युवराज त्यागी
जूनियर : अयान चोपड़ा, अक्षज मल्होत्रा
सेंट जोसफ स्कूल, अल्फा-1
सीनियर: हृदयेश राज, नैतिक शर्मा
जूनियर : रणवीर कौशिक, लोविक यादव
द एसडी विद्या स्कूल, सेक्टर-49
सीनियर : आशीष पांडे, रवि शर्मा
जूनियर : अवंतिका रॉय, सर्वांग भारद्वाज
कोट
हर मैच ने मुझे नई चाल और नया सबक सिखाया। अगली प्रतियोगिता में जीत का निशाना लेकर वापस लौटूंगा। -आरुष सचान
शतरंज ने सिखाया कि शांत रहकर सोचा गया निर्णय सही दिशा देता है। अगले अवसर पर मजबूत रणनीति के साथ लौटूंगा। - अमन गुप्ता