फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नई दिल्ली स्टेशन पर भगदड़: आंकड़ों में बड़ा फासला, घटना से नहीं उठ रहा पर्दा

विज्ञापन
विज्ञापन
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन के हादसे की रिपोर्ट और अधिकारियों के बयानों में नहीं दिख रहा तालमेल
विज्ञापन

रेल मंत्रालय का दावा- अप्रत्याशित भीड़ नहीं, आरपीएफ की रिपोर्ट में भीड़ ज्यादा होने का जिक्र
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर हुए हादसे की वास्तविक स्थिति से पर्दा अब तक नहीं उठ सका है। हादसे पर अलग-अलग एजेंसियों की रिपोर्ट और अधिकारियों के बयानों तक में तालमेल नहीं है। रेल मंत्रालय का दावा है कि हादसे के समय स्टेशन पर अप्रत्याशित भीड़ नहीं थी, जबकि रिपोर्ट में दर्ज है कि मुसाफिरों का दबाव ज्यादा होने से हादसा हुआ। रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स (आरपीएफ) की दो रिपोर्टों में घटना का समय भी एक नहीं है। इतना जरूर है कि सीढ़ी पर भगदड़ होने के मामले में एकरूपता है। इस मामले में रेलवे की दलील है कि अभी दो सदस्यीय उच्चस्तरीय कमेटी जांच कर रही है। हादसे के समय स्टेशन पर तैनात अधिकारियों की जानकारी से बनने वाली रिपोर्ट प्रामाणिक होगी।
दरअसल, हादसे के दूसरे दिन 15 फरवरी की सुबह आरपीएफ की जो शुरुआती रिपोर्ट आई, उसमें भगदड़ का समय रात 9:30 का दर्ज किया गया। वहीं, 16 फरवरी की दूसरी रिपोर्ट में 8:45 बजे प्रयागराज जाने वाली कुंभ स्पेशल के प्लेटफार्म 12 से जाने की सूचना होने के बाद अफरातफरी मचने की बात कही गई है। फिर, थोड़ी ही देर बाद स्टेशन पर दोबारा उद्घोषणा की गई कि कुंभ स्पेशल प्लेटफार्म नंबर-16 से जाएगी तो भगदड़ की स्थिति उत्पन्न हुई। इस रिपोर्ट से साफ है कि घटना रात 9 बजे से पहले हुई, जबकि रेल मंत्रालय रिपोर्ट के इस फैक्ट को अभी भी खारिज कर रहा है कि किसी तरह का कोई प्लेटफार्म नहीं बदला गया। दूसरी तरफ आरपीएफ की पहली और दूसरी रिपोर्ट में भगदड़ के समय में काफी अंतराल है। इसके अलावा जीआरपी की रिपोर्ट हादसे का वक्त 10 बजे बता रही है। दोनों रिपोर्ट के उलट इस रिपोर्ट में प्लेटफार्म 13 से चलने वाली ट्रेन का भी जिक्र है।
विज्ञापन

मौतों की संख्या भी अलग-अलग
आरपीएफ की दोनों रिपोर्टों में मौतों की संख्या भी अलग-अलग है। आरपीएफ की पहली रिपोर्ट में कहा गया है कि प्लेटफार्म नंबर 14/15 पर अत्यधिक भीड़ होने से प्लेटफार्म पर उतरते समय लगभग 8:30 बजे सीढ़ियों पर गिरने व भगदड़ से 31 यात्री घायल हो गए। एलएनजेपी अस्पताल में 27, लेडी हार्डिंग में 2 व कलावती हॉस्पिटल में 2 लोगों को भर्ती कराया गया, जिसमें 18 को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। 13 उपचाराधीन हैं। दूसरी रिपोर्ट में कहा गया है कि मौके से ही उप निरीक्षक को स्टाफ के साथ सभी अस्पतालों में भेजा गया। जहां से यह सूचना प्राप्त हुई कि तीनों अस्पतालों में कुल 30 घायल यात्री भेजे गए थे जिनमें से 20 की मृत्यु हो गई। मौके पर 18 एंबुलेंस, 18 पीसीआर, फायर ब्रिगेड की गाड़ियां व आपदा प्रबंधन की टीमें भी पहुंचीं। अस्पतालों में ही मृतकों व घायलों के परिजनों को मुआवजे का भुगतान किया जा रहा है।

आरपीएफ की दो रिपोर्ट में घटना के समय में फर्क
रिपोर्ट-1: घटना से पहले गाड़ी संख्या 20802 मगध एक्सप्रेस प्लेटफार्म 14 से निर्धारित समय से 10 मिनट लेट 21.15 बजे रवाना हुई थी, लेकिन कुछ लोग छूट गए। कुछ देर बाद गाड़ी संख्या 12418 प्रयागराज एक्सप्रेस रात 22:10 बजे व गाड़ी संख्या 12582 नई दिल्ली बनारस सुपरफास्ट प्लेटफार्म 15 से रात 10:50 बजे रवाना होनी थी। साप्ताहिक छुट्टी होने के कारण कुंभ में जाने वाली भीड़ अत्यधिक हो गई थी। प्लेटफार्म नंबर 12 से 12560 शिव गंगा एक्सप्रेस रात 8:05 बजे जाने के बाद कुछ भीड़ प्लेटफार्म पर ही छूट गई थी। इसके मद्देनजर प्लेटफार्म 16 से स्पेशल गाड़ी चलाई जाने की उद्घोषणा से यात्री प्लेटफार्म 12 नंबर से 16 नंबर की तरफ एफओबी से जाने लगे। यहां भीड़ क्रास होने व उसी समय प्लेटफार्म 14/15 पर भीड़ जाने लगी जिससे हादसा हुआ।

रिपोर्ट-2: गाड़ी संख्या 12560 शिवगंगा के प्लेटफार्म नंबर 12 से प्रस्थान होने के बाद अचानक से स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ बढ़ने लगी, जिससे एफओबी 2 व 3 जाम हो गया। प्लेटफार्म 12-13, 14-15 व 16 पर जाम की स्थिति पैदा हो गई। एफओबी 2 पर भीड़ का आकलन कर स्टेशन डायरेक्टर को और अधिक टिकट बेचने से मना किया गया। अधिक भीड़ होने का अंदेशा जताते हुए सतर्कता बरतने के लिए कहा गया। उद्घोषणा करवाकर सभी ऑन ड्यूटी व ऑफ ड्यूटी स्टाफ को तुरंत उक्त प्लेटफार्म और एफओबी पर पहुंचने के निर्देश देने के साथ ही स्टेशन डायरेक्टर को स्पेशल गाड़ी भर जाने पर तुरंत चलाने का आदेश देने को कहा गया। अन्य अधिकारियों को स्टाफ के साथ एफओबी-3 पर पहुंचकर स्थिति को संभालने के निर्देश दिए गए। उसी दौरान समय करीब 8:45 बजे उद्घोषणा हुई कि प्रयागराज को जाने वाली कुंभ स्पेशल प्लेटफार्म 12 से जाएगी, लेकिन उसके कुछ समय बाद स्टेशन पर दोबारा उद्घोषणा की गई कि कुंभ स्पेशल प्लेटफार्म 16 से जाएगी जिससे भगदड़ की स्थिति हुई।
-
यात्रियों के बीच धक्कामुक्की और हादसा
घटना के प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, प्लेटफार्म 14 पर गाड़ी संख्या 20802 मगध एक्सप्रेस व प्लेटफार्म 15 पर गाड़ी संख्या 12445 उत्तर संपर्क क्रांति खड़ी थी। गाड़ी संख्या 12418 प्रयागराज एक्सप्रेस के यात्रियों की भी भीड़ प्लेटफार्म 14 पर मौजूद होने से यात्रियों का आवागमन रुक गया था। उद्घोषणा सुनने के बाद यात्री प्लेटफार्म-12-13 व 14-15 से सीढि़यों के रास्ते एफओबी 2 व 3 पर चढ़ने का प्रयास करने लगे और मगध एक्सप्रेस, उत्तर संपर्क क्रांति व प्रयागराज एक्सप्रेस के यात्री जो सीढि़यों से नीचे उतर रहे थे। ऐसे में धक्कामुक्की के दौरान कुछ यात्री सीढि़यों पर फिसलकर घायल हो गए। इनके ऊपर से अन्य यात्री गुजरने लगे। ऑन ड्यूटी स्टेशन अधीक्षक नई दिल्ली को 8:48 बजे अवगत कराकर घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया।
विज्ञापन

कमेटी कर रही जांच
रेल मंत्रालय के अधिकारी ने अलग-अलग रिपोर्ट के आंकड़ों पर कहा है कि मामले की जांच के लिए कमेटी का गठन किया गया है। कमेटी अभी स्टेशन पर तैनात सभी अधिकारियों और इंस्पेक्टरों से हादसे के समय की जानकारी जुटा रही है। इसके आधार पर तैयार रिपोर्ट जोनल विभाग को सौंपी जाएगी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें