नूंह। शहीद हसन खां मेवाती मेडिकल कॉलेज में निकाले जाने का नोटिस मिलने के बाद स्टाफ नर्सों में भारी रोष व्याप्त है। रविवार को सभी ने मेडिकल कॉलेज प्रशासन की नीतियों के विरोध में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। इस दौरान जमकर नारेबाजी की गई। कर्मचारियों ने शनिवार को विधायक आफताब अहमद व उपायुक्त धीरेंद्र खड़गटा को भी अपनी मांगों का ज्ञापन सौंपा था।
प्रधान मुजाहिद, मनोज, रीना, उमेश, सचिन, शीशराम, विवेक, आसिक, राशिद, हंसराज, दीपक, हामिद आदि ने बताया कि वे मेडिकल कॉलेज में 6 साल से कार्य कर रहे हैं। अचानक बिना किसी जानकारी उन्हें नौकरी से निकालने का नोटिस दे दिया गया। वहीं उनके स्थान पर नई भर्ती भी की जा रही है। नलहड़ मेडिकल कॉलेज में पहले ही 659 स्टाफ नर्सों के स्थान पर 238 नर्स हैं। ऐसे में 119 लोगों को निकालने का नोटिस देना गलत है। नूंह जिला प्रदेश के सबसे पिछड़े जिलों की सूची में है। यहां हमेशा से स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति कुछ खास अच्छी नहीं है। आउटसोर्सिंग से लगाए गए इन स्टाफ नर्सों के हटाने से स्वास्थ्य सेवाएं बुरी तरह से प्रभावित होंगी।