- चार माह में तैयार होगी रिपोर्ट, मानक के अनुरूप सुधारे जाएंगे मार्ग
अमर उजाला ब्यूरो
गोरखपुर। जिले में लगातार बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस प्रशासन ने बड़ा कदम उठाया है। एसएसपी ने जनपद के 14 थाना क्षेत्रों को दुर्घटना प्रभावित थाना क्षेत्र के रूप में चिह्नित किया है। इन क्षेत्रों में दुर्घटनाओं के वास्तविक कारणों की जांच के लिए विशेष टीम गठित की गई है, जिसमें एक दरोगा और दो पुलिस कर्मी शामिल होंगे। टीम चार माह में विस्तृत रिपोर्ट तैयार करेगी।
टीम अपनी जांच में हादसों के मूल कारण जैसे सड़क का संकरापन, ब्लाइंड टर्न, खराब डिवाइडर, सड़क पर पर्याप्त संकेतकों की कमी, अंधेरा, कोहरा या गलत रोड डिजाइन जैसी समस्याओं की पहचान करेगी। रिपोर्ट के आधार पर संबंधित विभागों के साथ बैठक कर सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे, ताकि हादसों पर स्थायी रोक लगाई जा सके।
एसएसपी राजकरन नय्यर ने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं की सर्वाधिक घटनाएं नवंबर से जनवरी के बीच होती हैं। इसे देखते हुए सड़क सुरक्षा का एक विस्तृत रोडमैप तैयार किया गया है। चिह्नित अधिकांश थाने ऐसे क्षेत्रों में हैं, जहां से फोरलेन सड़क गुजरती है या उनके किनारे फोरलेन बना हुआ है। इन इलाकों में गांवों के पास लिंक मार्गों पर ब्रेकर न होने के कारण तेज रफ्तार वाहन अक्सर आपस में टकरा जाते हैं।
एसएसपी ने बताया कि कोहरे के मौसम में दुर्घटनाओं को रोकने के लिए मुख्य सड़कों, चौराहों और फोरलेन के कट पॉइंट पर रिफ्लेक्टर और इंडिकेटर लगाए जाएंगे, जिससे रात या धुंध में वाहन चालकों को पहले से चेतावनी मिल सके। बढ़ते यातायात दबाव को देखते हुए यातायात विभाग को 88 अतिरिक्त पुलिसकर्मी उपलब्ध कराए गए हैं।