आज से 5 दिन की रिमांड पर रहेगा स्क्रैप माफिया रवि काना
-जेल से ऑनलाइन हुई सुनवाई, काजल की रिमांड अर्जी पर नहीं हुई सुनवाई
-नालेज पार्क पुलिस लेकर आएगी रवि काना को, स्क्रैप माफिया की चार थानों की पुलिस करेगी सुरक्षा
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। जिला न्यायालय ने पुलिस की अर्जी पर मंगलवार को स्क्रैप माफिया रवि काना की पांच दिन की रिमांड मंजूर की है। यह सुनवाई अदालत में ऑनलाइन की गई। हालांकि काजल झा की रिमांड अर्जी पर सुनवाई नहीं हो पाई। बुधवार से पांच मई तक रवि काना नॉलेज पार्क थाना पुलिस की अभिरक्षा में रहेगा। पुलिस रवि काना के राजदार नेता, अधिकारी और मीडियाकर्मियों के बारे में जानकारी हासिल करेगी। इसके अलावा उसने अभी तक क्या-क्या अपराध किए हैं और उसका कारोबार कहां तक फैला हुआ है। कितना पैसा कहां और किस के द्वारा जाता था, इन सभी सवालों का जवाब भी पुलिस उगलवाएगी।
दरअसल, गैंगस्टर, स्क्रैप और सरिया माफिया रवि काना पर गैंगरेप, रंगदारी और गैंगस्टर समेत 20 मुकदमे दर्ज हैं। इनमें वह फरार चल रहा था। पुलिस को उसके थाईलैंड में होने की जानकारी मिली थी। कमिश्नरेट पुलिस ने पहली बार जिले के किसी बदमाश को विदेश से डिपोर्ट कराया और उसे जेल भिजवाया। अब उसके काले कारोबार की असलियत की जानकारी पुलिस लेगी। उसने कितनी अकूत संपत्ति कमाई है, उसके काले कारोबार में नेता, अधिकारियों और मीडियाकर्मियों की कितनी भूमिका है, इन सभी करीब 100 सवालों के जवाब पाने के लिए पुलिस पूछताछ करेगी। इसके अलावा कुछ अवैध हथियार होने की भी संभावनाएं जताई जा रही है, उनको भी पुलिस बरामद करने की तैयारी कर रही है। रवि काना की रिमांड के दौरान चार थानों की पुलिस उसकी सुरक्षा में लगाई गई है, चूंकि उसने अदालत में अपनी हत्या होने की आशंका व्यक्त की है। इसलिए कमिशनरेट पुलिस कोई जोखिम नहीं लेना चाहती है।
क्या है मामला
रवि काना पर नोएडा के सेक्टर-39 कोतवाली में सामूहिक दुष्कर्म व ग्रेटर नोएडा की बीटा दो कोतवाली में गैंगस्टर एक्ट के तहत केस दर्ज है। गैंगस्टर एक्ट प्रकरण की विवेचना नालेज पार्क पुलिस कर रही है। इसके कारण रिमांड भी नालेज पार्क कोतवाली को ही मिला है। केस दर्ज होने के बाद ही रवि काना थाईलैंड भाग गया था। उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी होने के बाद सीबीआइ इंटरपोल की मदद से उसको 25 अप्रैल को थाईलैंड से वापस भारत लाया गया और फिर दिल्ली एयरपोर्ट से नोएडा पुलिस ने उसको गिरफ्तार किया था।
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बिसरख कोतवाली में दर्ज रंगदारी के मुकदमे में भी होगी ऑनलाइन सुनवाई
बिसरख कोतवाली में अपराध संख्या-86 में आरोपी रवि काना को अभियोजन पक्ष ने अदालत में पेशी पर बुलाने की अर्जी लगाई थी। मगर इस अर्जी की सुनवाई के दौरान रवि काना के अधिवक्ता ललित मोहन गुप्ता ने विरोध किया और सुरक्षा की गुहार लगाते हुए अदालत से ऑनलाइन जेल से सुनवाई करने की मांग की। अदालत ने रवि काना की जान को खतरा देखते हुए जेल से ही इस प्रकरण में सुनवाई के लिए मंजूरी दी है।