- बिल्डर पर प्राधिकरण का बकाया जमा नहीं करने का मामला, कोर्ट ने यूपी सरकार से मांगा कार्रवाई का ब्योरा 30 अक्टूबर को अगली सुनवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो वेस्ट की अजनारा होम्स सोसाइटी के फ्लैट खरीदारों की रजिस्ट्री का मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट पहुंच गया है। बिल्डर की ओर से प्राधिकरण का बकाया जमा नहीं करने के कारण 20 खरीदारों की रजिस्ट्री अटकी हुई है। इस पर हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार से पूछा है कि बिल्डर से बकाया वसूलने के लिए अब तक क्या कार्रवाई की गई है। मामले की अगली सुनवाई 30 अक्टूबर 2026 को होगी।
7 अक्टूबर को न्यायमूर्ति सिद्धार्थ वर्मा और न्यायमूर्ति राम मनोहर नारायण मिश्र की खंडपीठ ने सचिन अग्रवाल और 19 अन्य की याचिका पर सुनवाई की। कोर्ट ने कहा कि फ्लैट बेचने के बावजूद बिल्डर ने ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण का प्रीमियम, सालाना लीज किराया और समय विस्तार शुल्क जमा नहीं किया है। इसके कारण खरीदार अपने फ्लैटों की लीज डीड का पंजीकरण नहीं करा पा रहे हैं।
प्राधिकरण के वकील ने कोर्ट को बताया कि 29 जुलाई 2026 को बिल्डर को 31 अगस्त तक पूरा बकाया जमा करने का निर्देश दिया गया था, लेकिन उसने रकम जमा नहीं की। कोर्ट ने कहा कि इससे खरीदारों के कानूनी अधिकार प्रभावित हो रहे हैं। साथ ही, लीज डीड का पंजीकरण नहीं होने से सरकार को स्टांप शुल्क का भी नुकसान हो रहा है। कोर्ट ने राज्य के शहरी नियोजन विभाग के प्रमुख सचिव से बिल्डर के खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी मांगी है। साथ ही, रेरा की ओर से की गई कार्रवाई का ब्योरा भी रिकॉर्ड पर रखने का निर्देश दिया है।
खरीदारों की ओर से अधिवक्ता गौरव बिशन और सतवीर दलाल पैरवी कर रहे हैं। अब मामले की अगली सुनवाई 30 अक्टूबर को होगी, जिसमें सरकार और संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई के संबंध में जानकारी देनी होगी।