समैन। टोहाना ब्लॉक के गांव भीमेवाला में बारिश के जलभराव से खेत दरिया बन गए हैं। खेतों में चारों तरफ पानी ही पानी नजर आ रहा है। पिछले तीन दिनों से लगातार हो रही बारिश से धान,नरमा व बाजरे की फसल पूरी तरह बर्बाद होने की कगार पर है।
बारिश के जलभराव से गांव में सेम की समस्या भी उबर आई है। सिंचाई विभाग की एक टीम ने बिजली विभाग के साथ तालमेल करते हुए खेतों में से पानी की निकासी की शुरूआत की है। लेकिन पिछले दो दिनों से ही बारिश से विभाग के इन प्रयासों को धक्का पहुंचा है,लेकिन फिर भी विभाग के अधिकारी व कर्मचारी पानी की निकासी के लिए खेतों में डटे है।
ग्रामीण बलवान सिंह नैन,अमित कुमार व रामफल ने बताया कि उनके खेतों में करीब तीन फुट से अधिक पानी भरा हुआ है। बारिश के कारण फिलहाल पानी की निकासी का कार्य रुका हुआ है लेकिन सिंचाई विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों ने अपने स्तर पर दोबारा से प्रयास शुरू किए है। ग्रामीणों ने बताया कि बारिश के जलभराव से धान,नरमा व बाजरे की पूरी फसल खराब होने के कगार पर पहुंच गई है। फिलहाल सेम की समस्या से निपटने के लिए 10 करोड़ 65 लाख रुपये की लागत से बिछाई गई पाइपलाइन से पानी की निकासी का प्रयास चल रहा है।
गांव भीमेवाला में बारिश के कारण जलभराव की समस्या से निपटने के लिए सिंचाई विभाग तत्परता के साथ काम कर रहा है। पानी की निकासी के लिए बिछाई जा रही बड़ी पाइपलाइन से पानी निकालने का कार्य वीरवार तक शुरू होने की संभावना है। सिंचाई विभाग के दो जेई (कनिष्ठ अभियंता) व अन्य कई कर्मचारी खेतों में डटे है।
- महेंद्र सिंह धायल, एसडीओ सिंचाई विभाग, टोहाना।