मुख्यमंत्री ने सुनीं जन समस्याएं, अधिकारियों को तेज कार्रवाई के निर्देश
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बुधवार को कहा कि जनसंवाद सुशासन की आत्मा है। जनता से जुड़ना, उनकी बातें सुनना और समाधान देना सही मायने में लोकतंत्र की पहचान है। बुधवार को उन्होंने जनसेवा सदन में जनसुनवाई की। दिल्ली के विभिन्न इलाकों से आए नागरिकों से सीधे संवाद किया। सभी शिकायतों और सुझावों को गंभीरता से सुना व संबंधित विभागों के अधिकारियों को तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जनता की समस्याओं का समय से समाधान करना दिल्ली सरकार की प्राथमिकता है। अधिकारियों से कहा कि वे हर शिकायत को संवेदनशीलता और तत्परता से निपटाएं ताकि नागरिकों को उनके अधिकारों और सरकारी सेवाओं का लाभ समय पर मिल सके। मुख्यमंत्री ने शिकायतकर्ताओं से बातचीत के बाद कई मामलों में मौके पर ही निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि सरकार की कोशिश है कि शासन और जनता के बीच की दूरी खत्म हो और हर नागरिक को यह भरोसा रहे कि उसकी बात सीधे सरकार तक पहुंचती है। मुख्यमंत्री ने बताया कि जनसेवा सदन में आयोजित यह जनसुनवाई कार्यक्रम दिल्ली सरकार की जनसहभागिता और पारदर्शी शासन नीति का अहम हिस्सा है। इस पहल से सरकार न केवल लोगों की बात सुन रही है बल्कि उनके द्वार तक पहुंचकर स्थायी समाधान का संकल्प भी ले रही है। सुशासन तभी संभव है, जब सरकार और जनता के बीच संवाद मजबूत हो। यही संवाद लोकतंत्र को जीवंत और जवाबदेह बनाता है।