रात करीब तीन बजे परिजन को पुलिस से सूचना मिली कि सचिन को एक निजी अस्पताल में ले जाया गया था, जहां पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया है। जनक ने आरोप लगाया कि सोसायटी के पीछे कार से बाहर सचिन सड़क किनारे पड़ा हुआ था। उसके सीने पर कार का सीएनजी सिलिंडर रखा हुआ था।
सचिन के सिर और पेट पर घाव थे। आरोप है कि सचिन के साथ गए युवकों ने उसे मारकर फेंक दिया और घटना को हादसे का रूप देने का प्रयास किया है। सूचना मिलने पर बुधवार सुबह डीसीपी साद मियां खान, एडीसीपी, एसीपी, थाना प्रभारी समेत सभी पहुंचे। मौके पर फॉरेंसिक जांच के लिए टीम ने पहुंचकर नमूने लिए।
25 फरवरी को मनाई थी शादी की तीसरी सालगिरह
सचिन की तीन वर्ष पहले ही शादी हुई थी। 25 फरवरी को ही उसने शादी की सालगिरह मनाई थी। सचिन की पत्नी छह माह की गर्भवती है। परिवार में माता-पिता और एक छोटा भाई जनक है। वहीं, परिवार का आरोप है कि सचिन रात 10:30 बजे सूरजपुर से तीन दोस्तों के साथ निकला था। घटनास्थल पर उसका आईफोन नहीं मिला। उसे कॉल करने पर फोन स्विच ऑफ भी बता रहा है।
देहरवी फार्म हाउस में पार्टी में किया डांस
सचिन के एक साथी ने एक वीडियो अपलोड की है, जिसमें वह रात 12:30 बजे एक साथी के देहरवी फार्म हाउस में पार्टी करता दिखाई दे रहा है। इस दौरान कुछ अन्य युवक वीडियो में टीशर्ट उतारकर डांस भी करते दिखाई दे रहे हैं। जनक ने बताया कि एक वर्ष पहले उसका गांव के कुछ लोगों के साथ झगड़ा हुआ था। इसके बाद से उनके साथ उसने जाना छोड़ दिया था। मंगलवार रात उसके साथी उन युवकों के साथ फार्महाउस पर पार्टी मनाने ले गए थे।
दो घंटे किया यातायात बाधित, पांच किमी लंबा लगा जाम
पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद पुलिस ने मामले को दुर्घटना बताया तो नाराज कोंडली निवासियों ने शाम सात बजे सेक्टर-151 के सामने नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे पर शव रखकर जाम लगा दिया। दो घंटे तक यातायात बाधित हुआ तो परी चौक से सेक्टर-151 तक करीब पांच किमी तक वाहनों की कतार लग गई। इस दौरान पुलिस ने परिजन और अन्य ग्रामीणों को मनाने की कोशिश की लेकिन ग्रामीण टस से मस नहीं हुए। रात नौ बजे लगभग दो घंटे मौके पर जाम लगा रहा। पुलिस ने बाद में शिकायत दर्ज करने की हामी भरी, जिसके बाद ग्रामीणों ने जाम खोला।
परिजन की शिकायत पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस इस मामले में गहनता से जांच कर रही है और उसके बाद ही कार्रवाई की जाएगी। - अशोक कुमार, एडीसीपी