सोनभद्र। इस बार धान की खरीद में शासन ने बदलाव किया है। अब सरकारी क्रय केंद्रों पर किसानों की बायोमेट्रिक पहचान करने के बाद ही धान की खरीद की जाएगी। इस व्यवस्था से जहां बिचौलियों की भूमिका खत्म होगी, वहीं न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ सीधे किसानों को मिलेगा।
जिले में एक नवंबर से धान की खरीद शुरू होगी। इस बार जिले को 10.30 लाख क्विंटल धान खरीदने का लक्ष्य दिया गया है। जिला प्रशासन ने अब तक 55 क्रय केंद्रों चिह्नित किए हैं।
क्रय केंद्रों पर इस साल 2369 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदा जाएगा। इसके लिए किसानों का ऑनलाइन पंजीकरण शुरू हो गया है। न्यूनतम समर्थन मूल्य का लाभ किसानों को सीधे मिले, इसके लिए शासन ने नियमों में बड़ा बदलाव किया है।
अब किसानों की आइरिस स्कैन (आंख की पहचान) के बाद ही उनसे धान खरीद की जाएगी। जिले के प्रत्येक केंद्र पर एक-एक आइरिस स्कैन होगी। आइरिस स्कैन के काम नहीं करने पर किसान को ई-पॉस मशीन पर अंगूठा भी लगाना होगा। माना जा रहा है कि धान खरीद में पारदर्शिता लाने और बिचौलियों की भूूमिका खत्म करने के लिए शासन की तरफ से यह पहल शुरू की जा रही है। (संवाद)