फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Noida News: लखनऊ समेत अन्य केंद्रों के ध्यानार्थ

विज्ञापन
विज्ञापन
फोटो -
विज्ञापन

अफसर दफ्तर में जान लेंगे थाने और हवालात का आंखों देखा हाल
- प्रदेश भर के थानों में लगेंगे सीसीटीवी, जिला और लखनऊ मुख्यालय पर होगी निगरानी
- गौतमबुद्ध नगर में शुरू हुआ ट्रायल, अवैध हिरासत और उत्पीड़न पर लगेगी रोक
जेपी शर्मा
ग्रेटर नोएडा। अब जिला और लखनऊ मुख्यालय में तैनात अधिकारी हर थाने और हवालात का लाइव हाल देख सकेंगे। इसके लिए प्रदेश भर के हर थाने में पांच-पांच सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं। गौतमबुद्ध नगर के थानों में सीसीटीवी कैमरे लगाकर लाइव प्रसारण का ट्रायल शुरू कर दिया गया है। फिलहाल सूरजपुर मुख्यालय से थानों और हवालात की निगरानी की जा रही है। जल्द ही सभी संबंधित अधिकारी भी निगरानी कर सकेंगे। इससे थानों में होने वाले उत्पीड़न और अवैध हिरासत के मामलों में कमी आएगी।
प्रदेश के कई बार पुलिस और थानों में उत्पीड़न के मामले सामने आए हैं। सुप्रीम कोर्ट भी देश के सभी थानों में सीसीटीवी लगाने के आदेश दिया है। जिसके बाद प्रदेश सरकार ने यूपी के हर थाने में पांच-पांच सीसीटीवी कैमरे लगाने की योजना की शुरुआत कर दी है। गौतमबुद्ध नगर के 26 मेंं से 21 थानों में सीसीटीवी कैमरे लग चुके हैं। शेष थानों में कैमरे लगाए जा रहे हैं। इन सीसीटीवी कैमरों को जिला और लखनऊ मुख्यालय से निगरानी शुरू कर दी गई है। अधिकारियों ने ट्रायल के दौरान ही थाने व हवालात की निगरानी कर दिशानिर्देश देने शुरू कर दिए हैं।
विज्ञापन

सीसीटीवी कैमरे इस तरह से लगाए जा रहे हैं कि अधिकारी थानों में आने वाले फरियादियों और हेल्प डेस्क पर उनकी सुनवाई पर भी नजर रख सकेंगे। इसके अलावा थाना कार्यालय में काम व्यवस्थित तरीके से हो रहा है या नहीं इसकी भी निगरानी रखी जा सकेगी। इसके अलावा हवालात में किसी बेकसूर को डालने या किसी संदिग्ध या आरोपी को बेवजह अधिक समय के लिए हवालात में बंद रखने की जानकारी सीधे मुख्यालय तक पहुंच जाएगी। इसके अलावा खाने-पीने आदि का ध्यान रखा जा रहा है या नहीं इसकी भी निगरानी की जा सकेगी। हालांकि थानेदार के कार्यालय को सीसीटीवी कवरेज से अलग रखा गया है।

हर आरोप का होगा दूध का दूध पानी का पानी
सीसीटीवी पहले भी थानों पर लगे हुए थे। लेकिन कई बार जब पुलिस पर आरोप लगते थे तो सीसीटीवी के काम नहीं करने का हवाला दिया जाता था। इसके अलावा थाना स्तर पुलिस केवल अपनी जरूरत के हिसाब से ही फुटेज का इस्तेमाल करती थी। इसके अलावा कई बार शिकायतकर्ता भी पुलिस पर पिटाई आदि का झूठा आराेप लगाते थे। लेकिन अब सीसीटीवी का कंट्रोल रूम जिला व लखनऊ मुख्यालय पर होगा। इससे हर मामले का दूध का दूध पानी का पानी हो जाएगा और पुलिस के काम में पारदर्शिता आएगी।
विज्ञापन


सीसीटीवी से इन क्षेत्रों पर रखेंगे नजर
प्रवेश द्वार, हवालात, कार्यालय, हेल्प डेस्क, थाना परिसर

जिले के थानों में सीसीटीवी लगाकर ट्रायल शुरू कर दिया गया है। जिला और लखनऊ मुख्यालय से थानों की निगरानी होगी। अभी मैं अपने दफ्तर से थानों व हवालात की निगरानी कर रहा हूं। ट्रायल पूरा होने के बाद संबंधित अन्य अधिकारी भी निगरानी कर सकेंगे। इससे पुलिस के कार्य में पारदर्शिता आएगी। - बबलू कुमार, अपर पुलिस आयुक्त मुख्यालय, गौतमबुद्ध नगर
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें