- मेडिकल डिवाइस पार्क में इन सेक्टरों में काम करने वाली कंपनियों को दिए जाएंगे भूखंड
- आयात पर उपलब्धता को कम करने के लिए हुई पहल
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। कैंसर, दिल की बीमारियों के इलाज और जांच में उपयोग होने वाले उपकरण यमुना सिटी में ही बनेंगे। इसके लिए पांच बीमारियों व जांच प्रक्रिया में उपयोग होने वाले उपकरण के सेक्टर को यमुना प्राधिकरण (यीडा) ने मेडिकल डिवाइस पार्क में प्राथमिकता देगी। जहां इन उपकरणों को बनाने के लिए सस्ती दरों पर जमीन कंपनियों को दी जाएंगी। वहीं कॉमन फेसिलिटी भी तैयार कर अंतरराष्ट्रीय मानकों को पूरा करने वाली अनुभवी एजेंसी से संचालन कराया जाएगा।
सोमवार को सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया कि मेडिकल डिवाइस पार्क हमारी प्राथमिकता में है। सरकार की योजना है कि उन सेक्टरों पर भी काम कराया जाए जिनके लिए उपकरणों को आयात करना होता है। खासतौर पर कैंसर, डायबिटीज और हार्ट डिसीज जैसे मामलों में जांच व इलाज किफायती हो। इसके लिए इन सेक्टरों के उपकरण यहां बनाएं जाएं। मेडिकल डिवाइस पार्क में अभी तक 89 भूखंड आवंटित हैं। 66 भूखंड अभी आवंटन के लिए तैयार हैं।
अधिकारियों का कहना है कि रेडियोलॉजी व इमेजिंग टेक्नोलॉजी डिवाइस, एनेस्थेटिक्स व कार्डियोलॉजी रेस्पिरेटरी मेडिकल डिवाइस, कैंसर केयर जैसे रेडियोथेरेपी डिवाइस, इंप्लांट, इन विट्रो डायग्नोसिस उपकरण शामिल किए गए हैं। कैंसर केयर और रेडियोलॉजी के क्षेत्र में निवेश बढ़ाने पर यीडा काम कर रहा है।
2027 में शुरू हो जाएगा निर्माण
सीईओ का कहना है कि मेडिकल डिवाइस पार्क में आठ कंपनियों ने निर्माण शुरू कर दिए हैं। बाकी कंपनियां भी जल्दी ही निर्माण शुरू करा देंगीं। जिन कंपनियों की बिल्डिंग का निर्माण शुरू हो गया है। उनकी योजना 2027 के अंत तक चिकित्सा उपकरणों का निर्माण शुरू करने की है। इससे पहले ही प्रशासनिक भवन और कॉमन फेसिलिटी यहां उपयोगी बना ली जाएंगी।