हरियाणा के ईंधन से उड़ान भरेगा नोएडा एयरपोर्ट का हवाई जहाज
- भारत पेट्रोलियम 35 किमी लंबी लाइन और टैंक पर 200 करोड़ करेगा खर्च
- पेरिफेरल और यमुना नदी के नीचे से बिछाई जाएगी 14 इंच की पाइप लाइन
- एयरपोर्ट परिसर में एक एकड़ मेें बनेगा ईंधन टैंक
मनोज कुमार
ग्रेटर नोएडा। नोएडा एयरपोर्ट से हवाई जहाज हरियाणा से मिलने वाले ईंधन से उड़ान भरेगा। भारत पेट्रोलियम हरियाणा के बल्लभगढ़ डिपो से जेवर तक 35 किमी लंबी लाइन बिछाएगा। एयरपोर्ट परिसर में करीब एक एकड़ में 50 हजार किलोलीटर क्षमता का टैंक बनाकर ईंधन स्टोर किया जाएगा। इसकी क्षमता इतनी होगी कि तीन दिन तक तेल की आपूर्ति नहीं होने पर भी टैंक से विमानों में ईंधन भरे जा सकेंगे। इस लाइन को हरियाणा के बल्लभगढ़ से पेरिफेरल और यमुना नदी के नीचे से निकालते हुए दिसंबर तक पहुंचाया जाएगा। जिससे हवाई जहाज का समय से ट्रायल शुरू किया जा सकेगा।
दरअसल, नोएडा हवाई अड्डे का निर्माण कार्य 47 फीसदी तक पूरा हो चुका है। वर्ष 2024 में चुनाव से पहले ही यहां से हवाई जहाज उड़ान भरने लगेंगे। कयास एयरपोर्ट पर विमानों के लिए ईंधन की भी जरूरत होगी। जिसकी पूर्ति भारत पेट्रोलियम करेगी। कंपनी के अधिकारियों के मुताबिक ईंधन टैंक बनाने के लिए जमीन को ज्यूरिख से भारत पेट्रोलियम खरीदेगा और यहां तक लाइन बिछाने में करीब 200 करोड़ रुपये खर्च करेगा। इसके बाद ईंधन की सप्लाई करने पर जो खर्च आएगा, उसी से इस खर्च को निकालेगा।
जेवर तहसील के तीन गांवों से होकर पहुंचेगी पाइप लाइन
हरियाणा से एयरपोर्ट तक 14 इंच चौड़ी पाइपलाइन बिछाई जाएगी। इसका ज्यादातर हिस्सा हरियाणा में होगा। जबकि करीब 10 किमी का हिस्सा यूपी के जेवर में आएगा। यहां पर दयानतपुर, सोलड़ा और करौली आदि गांवों की जमीन आएगी। उसके लिए शासन ने गौतमबुद्धनगर के सिटी मजिस्ट्रेट उमेश निगम को इस परियोजना का जिला नोडल अधिकारी बनाया गया है।
जेवर एयरपोर्ट परिसर में भारत पेट्रोलियम 50 हजार किलोलीटर का टैंक बनाएगा। हरियाणा के बल्लभगढ़ तक लाइन बनाने पर करीब 200 करोड़ रुपये खर्च होंगे। उम्मीद है कि दिसंबर तक इसे तैयार कर लिया जाएगा। एयरपोर्ट के टैंक के ईधन से तीन दिन तक हवाई जहाज बिना किसी परेशानी के उड़ान भर सकेंगे।
विशाल नालीवाल, वरिष्ठ प्रबंधक, भारत पेट्रोलियम।