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कड़े सुरक्षा पहरे में निकिता को श्रद्धांजलि सभा

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बल्लभगढ़। बीकॉम अंतिम वर्ष की छात्रा निकिता तोमर की हत्या के 13 दिन पूरे हो जाने पर रविवार को सेक्टर दो स्थित कम्युनिटी सेंटर में कड़ी पुलिस सुरक्षा के बीच श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। हालांकि सभा शांतिपूर्वक ढंग से समाप्त हो गई। तीन घंटे तक चली सभा में करीब 500 लोग शामिल हुए, हालांकि ये एक साथ नही आए थे। कोरोना नियमों के कारण एक साथ भीड़ नहीं जुटने दी गई।
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दोपहर एक बजे से शुरू हुई श्रद्धांजलि सभा में सबसे पहले परिवार के लोगों ने निकिता के चित्र पर पुष्प अर्पित किए। इसके बाद लोगों ने श्रद्धाजंलि देना शुरू किया। यहां किसी तरह की कोई भाषणबाजी नहीं की गई। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस पूरी तरह से मुस्तैद नजर आई। करीब ढाई सौ पुलिसकर्मी सुरक्षा व्यवस्था को संभाल रहे थे।
अतिरिक्त उपायुक्त जयवीर, थाना शहर प्रभारी सुदीप सिंह, अग्रसेन चौकी प्रभारी विनोद गौतम, आदर्श नगर थाना प्रभारी मुकेश गिरी व अन्य थानों का स्टाफ भी यहां लगाया गया था। इसके अलावा ड्रोन से भी लोगों पर नजर रखी जा रही थी। जगह-जगह पर पुलिस ने बैरिकेड लगाए हुए थे। सभा में निकिता के पिता मूलचंद तोमर, माता विजया तोमर, भाई नवीन, मामा एदल सिंह रावत, हाकिम सिह सहित अन्य रिश्तेदार भी मौजूद थे।
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मास्क और सैनिटाइजर का इस्तेमाल
श्रद्धांजलि देने आने वाले लोगों के हाथ सैनिटाइज कराए जा रहे थे। कम्युनिटी सेंटर के गेट पर ही मास्क रखे गए थे। इस दौरान एनआईटी से कांग्रेस विधायक नीरज शर्मा, कांग्रेसी नेता बलजीत कौशिक, भाजपा नेता किशन ठाकुर, जजपा नेता राजाराम ठाकुर, क्षत्रिय महासभा से प्रकाश सिंह भाटी, पार्षद दीपक चौधरी, पूर्व विधायक शारदा राठौर, कैबिनेट मंत्री मूलचंद शर्मा, राष्ट्रीय कर्णी सेना के अध्यक्ष सूरजपाल अम्मू आदि शामिल हुए। कैबिनेट मंत्री ने परिजनों से कहा कि सरकार पूरी तरह से उनके साथ है। दोषियों को जल्द से जल्द कड़ी सजा दिलाई जाएगी। सूरजपाल अम्मू ने कहा कि न्याय के लिए जंग जारी रहेगी। उन्होंने परिवार को आर्थिक मदद व निकिता के भाई को सरकारी नौकरी देने की मांग भी रखी।
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दो साल पुराना अपहरण कांड खुलेगा या नहीं, आज होगा फैंसला
- एसआईटी ने अदालत में लगाई थी पुराने केस को खोलने की अर्जी
फरीदाबाद। निकिता हत्याकांड की जांच में साल 2018 में अपहरण के मुकदमे को फिर से खोलने के लिए एसआईटी की ओर से अदालत में लगाई अर्जी पर सोमवार को फैसला हो सकता है। चार्जशीट में एसआईटी ने तौसीफ द्वारा निकिता के अपहरण का उल्लेख किया है, लेकिन उससे संबंधित कोई अन्य तथ्य शामिल नहीं किए। इस केस में निकिता के परिजनों ने अदालत में हलफनामा दे दिया था। इसलिए इसकी जांच फिर से शुरू करने के लिए अदालत की मंजूरी जरूरी है। जांच टीम को मंजूरी मिल जाती है, तो निकिता हत्या केस में कई और चेहरे भी सामने आने की संभावना है। पुराने केस की जांच के दौरान पुलिस तत्कालीन जिम्मेदार अधिकारियों की भूमिका की भी जांच करेगी। जांच पूरी होने पर सप्लीमेंट्री चार्जशीट अदालत में पेश की जाएगी।
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हिंदू संगठन के कार्यकर्ता को पाकिस्तान के नंबर से मिली जान से मारने की धमकी
- साइबर क्राइम सेल को दी शिकायत
बल्लभगढ़। जबरन धर्म परिवर्तन जैसे मुद्दों और फिलहाल निकिता हत्याकांड को जोर-शोर से उठाने वाले हिंदू संगठन के कार्यकर्ता अनुज को पाकिस्तान से धमकी भरा फोन आया है। फोन कॉल में अनुज को गालियां दी गई हैं और निकिता हत्याकांड सहित अन्य मुद्दों से दूर रहने के लिए धमकाया गया है। ऐसा न करने पर उसको और पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी भी दी गई है। पाकिस्तान नंबर के मोबाइल से फोन कॉल करने वाले ने कहा है कि उसके व्यक्ति एके-47 लेकर दिल्ली-एनसीआर में घूम रहे हैं। उनकी नजर हिंदू संगठन के कार्यकर्ता अनुज के ऊपर है। इस संबंध में अनुज ने साइबर क्राइम सेल को शिकायत दे दी है। इसमें नंबर पाकिस्तान की सीरीज का मिला है। पीड़ित के एडवोकेट राजकुमार शर्मा ने बताया कि इस मामले में जो भी कानूनी कार्रवाई की जरूरत होगी वे स्वंय पीड़ित के साथ रहेंगे। हालांकि अभी पुलिस इस पूरे मामले को की जांच पड़ताल में जुटी है और कोई आधिकारिक जवाब देने से बच रही है।
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