संगम विहार की जंगल बस्ती में छिपा था तीसरा आरोपी, चार गोलियां लगीं
पुलिस और बदमाश की तरफ से चलीं पांच-पांच गोलियां
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
स्पेशल सेल ने जिले की नारकोटिक्स सेल के साथ मिलकर गोविंदपुरी थाना क्षेत्र में पेट्रोलिंग कर रहे बुलंदशहर निवासी सिपाही किरणपाल सिंह की हत्या करने वाले तीसरे आरोपी राघव उर्फ रॉकी को शनिवार रात मुठभेड़ में ढेर कर दिया। दोनों तरफ से पांच-पांच गोलियां चलीं। रॉकी को चार गोलियां लगीं। मूलरूप से एटा निवासी रॉकी संगम विहार के जंगल बस्ती इलाके में छिपा हुआ था।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, रात को रॉकी के ठिकाने के बारे में सूचना मिली थी। इसके बाद एसआई आदेश, हवलदार अर्जुन, कौशिंदर, बलकार और मोहित की टीम संगम विहार को सूरजकुंड रोड से जोड़ने वाले क्षेत्र में गए। पुलिसकर्मियों ने रॉकी को घेरकर आत्मसमर्पण करने के लिए कहा, लेकिन उसने गोलियां चला दीं। जवाब में पुलिस ने भी गोलियां चलाईं। इस दौरान रॉकी को चार गोलियां लगीं। उसे ईएसआईसी, ओखला में ले जाया गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटनास्थल से आरोपी के पास से .32 बोर की पिस्तौल और दो कारतूस बरामद किए गए हैं।
दो आरोपी पहले पकड़े गए थे
नारकोटिक्स सेल के प्रभारी विष्णुदत्त की देखरेख में एसआई नागेेंद्र की टीम ने सिपाही की हत्या करने वाले कृष व दीपक को शनिवार शाम को डीडीए फ्लैट्स से गिरफ्तार कर लिया था। गली नंबर 6, गोविंदपुरी निवासी कृष (18) 12वीं तक पढ़ा है। आरोपी के पिता ड्राइवर हैं। उसका पिछला आपराधिक रिकार्ड नहीं है। वहीं, गोविंदपुरी निवासी दीपक सिंह (21) 10वीं तक पढ़ा है। उसका भी कोई आपराधिक रिकार्ड नहीं है।
नाहन में रक्तदान करने के बाद सामूहिक चित्र में एनसीसी के अधिकारी एवं कैडेट्स। संवाद