मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मेडिको-लीगल और पोस्टमॉर्टम रिपोर्टिंग पोर्टल लॉन्च किया
स्वास्थ्य संस्थानों-कानून प्रवर्तन एजेंसियों का साथ मिलकर काम करना आसान होगा
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने रविवार को मेडिको-लीगल एग्जामिनेशन एंड पोस्टमॉर्टम रिपोर्टिंग (मेडलीएपीआर) प्लेटफॉर्म को लॉन्च किया। इसके जरिये सभी मेडिकल लीगल सर्टिफिकेट (एमएलसी) और पोस्टमार्टम रिपोर्ट (पीएमआर) डिजिटल फॉर्मेट में प्राप्त होंगी। इस कारण कागजी काम और त्रुटियां कम होंगी। स्वास्थ्य संस्थानों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों का साथ मिलकर काम करना आसान होगा और क्राइम ट्रैकिंग सिस्टम मजबूत होगा।
दिल्ली सचिवालय में सीएम रेखा गुप्ता ने राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र की ओर से विकसित मेडलीएपीआर वेब पोर्टल की शुरुआत की। मौके पर कैबिनेट मंत्री आशीष सूद, मुख्य सचिव धमेंद्र, पुलिस, गृह विभाग और एनआईसी के अधिकारी भी उपस्थित रहे। सीएम ने कहा कि मेडलीएपीआर से दिल्ली में न्यायिक प्रक्रियाओं में पारदर्शिता व तेजी आएगी। मेडिको-लीगल व पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का एक केंद्रीकृत डाटाबेस और ऑडिट ट्रेल तैयार होगा, जिससे स्वास्थ्य संस्थानों की जवाबदेही भी सुनिश्चित होगी। यह प्लेटफॉर्म क्राइम, क्रिमिनल ट्रैकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम्स के साथ जुड़ा रहेगा। इससे स्वास्थ्य संस्थानों, पुलिस, फॉरेंसिक प्रयोगशालाओं और न्यायपालिका के बीच निर्बाध सूचना का आदान-प्रदान होगा।
मेडिको-लीगल सिस्टम के लिए ये एक मॉडल
कैबिनेट मंत्री आशीष सूद ने कहा कि डिजिटल पहल डिजिटल इंडिया मिशन के तहत ये पहल मेडिको-लीगल सिस्टम के लिए एक मॉडल है। यह डिजिटल प्लेटफॉर्म अन्य राज्यों के लिए प्रेरणा बनेगा। यह न केवल स्वास्थ्य जांच प्रक्रियाओं को तेज करेगा, बल्कि पारदर्शिता और विश्वसनीयता को भी बढ़ाएगा। मेडलीएपीआर न केवल मेडिको-लीगल सिस्टम को आधुनिक बनाएगा, बल्कि दिल्ली के नागरिकों को तेज, सुरक्षित और पारदर्शी न्याय प्रक्रिया का लाभ भी मिलेगा।
स्वास्थ्य पेशेवरों और पुलिस को मिलेगी राहत
मौके पर उपस्थित स्वास्थ्य पेशेवरों और पुलिस अधिकारियों ने इस पहल का स्वागत किया। एक वरिष्ठ चिकित्सा विशेषज्ञ ने कहा कि मेडिको-लीगल सिस्टम से हमारा काम आसान होगा और रिपोर्ट में गलतियां नहीं होंगी। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि यह सिस्टम जांच प्रक्रियाओं को तेज और सटीक बनाएगा।