द्वारका में केवट, पीतमपुरा में भरत, डेरावल नगर में अंगद व लालकिला मैदान में बनेंगे भगवान परशुराम
सांसद ने कहा - रामलीला केवल मंचन नहीं बल्कि रामकाज का कार्य
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। अभिनेता, गायक व भाजपा सांसद मनोज तिवारी इस बार राजधानी की चार प्रमुख रामलीलाओं में अलग-अलग किरदार निभाएंगे। लालकिला मैदान में लव-कुश रामलीला कमेटी में वे भगवान परशुराम का किरदार निभाएंगे। इसके अलावा द्वारका में केवट, पीतमपुरा में भरत और डेरावल नगर की रामलीला में अंगद बनेंगे।
रविवार को मनोज तिवारी ने अपने निवास पर लव-कुश रामलीला कमेटी की ओर से आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा कि रामलीला उनके जीवन का अभिन्न हिस्सा रही है। वह बचपन से ही रामलीला से जुड़े हुए हैं। यह केवल अभिनय नहीं बल्कि रामकाज का कार्य है। जब वह मंच पर परशुराम या अन्य कोई किरदार निभाते हैं तो लगता है कि वह रामभक्तों की सेवा कर रहे हैं। यह उनके लिए कला और भक्ति का अनूठा संगम है। आज की युवा पीढ़ी को श्रीराम के जीवन आदर्शों से परिचित कराना जरूरी है। रामलीला से हर किसी को जुड़ना चाहिए। यह केवल धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि भारतीय संस्कृति, मर्यादा और आचार संहिता को अगली पीढ़ी तक पहुंचाने का माध्यम है। जब हजारों की भीड़ जय श्रीराम के उद्घोष करती है तो मंच पर खड़े होकर रोमांच का अनुभव होता है। रामलीला का मंचन समाज में सकारात्मकता और सद्भाव का संदेश देता है। रामलीला हमें सत्य, त्याग और धर्म पर चलने की प्रेरणा देती है। जब वह अलग-अलग भूमिकाएं निभाते हैं तो यह उनके लिए केवल कलाकार का काम नहीं बल्कि आध्यात्मिक यात्रा भी होती है।
एआई से बनी डॉक्यूमेंट्री का होगा प्रदर्शन
लव-कुश रामलीला कमेटी के अध्यक्ष अर्जुन कुमार ने बताया कि इस वर्ष के मंचन में एआई तकनीक से बनी डॉक्यूमेंट्री रामायण का विशेष प्रदर्शन होगा। महासचिव सुभाष गोयल ने कहा कि लीला का शुभारंभ 22 सितंबर को गणेश पूजन से होगा और तीन अक्तूबर को भरत मिलाप के साथ सम्पन्न होगी। वहीं, चेयरमैन पवन गुप्ता और वरिष्ठ उपाध्यक्ष सत्यभूषण जैन ने बताया कि मंचन के साथ मेगा हेल्थ कैंप, रक्तदान शिविर और दिव्यांगों को सहायक उपकरण वितरण जैसे कई सामाजिक कार्यक्रम भी होंगे।