कटड़ा। धर्मनगरी-उधमपुर मार्ग पर स्थित चंबा गांव में श्री भागवत कथा का आयोजन किया गया। कथावाचक कमल शास्त्री ने कहा कि दूसरों के प्रति दया तथा सेवा ही मानव जीवन है। कीर्तन तथा कथा मानव जीवन को अच्छाई की ओर ले जाते हैं। जिस घर में कथा व कीर्तन होता है वह घर सदा सुखी सम्पन्न होता है। इसलिए कीर्तन के साथ ही कथा में अवश्य भाग लेना चाहिए।
शास्त्री ने कहा कि जितना किसी के प्रति दया भाव, समर्पण भावना रखोगे, इससे बढ़कर ईश्वर आपको देगा। कथा के दौरान कथावाचक कमल शास्त्री ने भगवान कृष्ण तथा सुदामा की अद्भुत दोस्ती पर प्रकाश डाला।
बताया कि किस तरह से भगवान कृष्ण ने अपने सच्चे मित्र सुदामा की जीवन की नैया पार की। श्रीमद् भागवत कथा की समाप्ति पर भगवान के विभिन्न रूपों की झांकियां प्रस्तुत की गईं। बाल गोपाल, लड्डू गोपाल, कृष्ण-रुक्मिणी, राधा-कृष्ण आदि को देख उपस्थित श्रद्धालु भाव विभोर हो गए। कथा समापन पर श्रद्धालुओं में प्रसाद वितरित किया गया।