ग्रेटर नोएडा (संवाद)। राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान (जिम्स) की संस्थागत जैव सुरक्षा समिति (आईबीएससी) को भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय के जैव प्रौद्योगिकी विभाग (डीबीटी) के आरसीजीएम सचिवालय में आधिकारिक रूप से पंजीकरण प्राप्त हो गया है। इस स्वीकृति के साथ ही जिम्स की सेल कल्चर प्रयोगशाला में सभी इन-विट्रो प्रयोग औपचारिक रूप से शुरू किए जा सकेंगे। जिम्स के निदेशक डॉ. ब्रिगेडियर राकेश कुमार गुप्ता ने बताया कि यह पंजीकरण संस्थान की शोध क्षमता को नई दिशा देने वाला कदम है।