हिंदी की इनकी उड़ान छू रही नया आसमान
- ओपन एजुकेशन में हिंदी विषय लेने वाले छात्रों की संख्या बढ़ी, वर्ष 2020 के बाद आंकड़े में आया सुधार
नेहा शर्मा
नोएडा। ‘निज भाषा उन्नति अहै, सब उन्नति को मूल, बिन निज भाषा ज्ञान के, मिटे न हिय के सूल’... हिंदी के महत्व को स्थापित करने का भारतेन्दु हरिश्चंद्र का सपना साकार होता दिख रहा है। हाल के सालों में छात्रों में हिंदी के अध्ययन के प्रति रुचि बढ़ी है। राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान (एनआईओएस) के आंकड़े इसकी गवाही दे रहे हैं। एनआईओएस में पिछले एक साल में 10 वीं और 12 वीं में 762 अभ्यार्थियों ने हिंदी विषय को लिया। जबकि पिछले दो सालों में यह आंकड़ा कम था। उम्मीद जताई जा रही है कि इस सत्र में हिंदी लेने वाले अभ्यार्थियों की संख्या और बढ़ेगी। संस्थान की ओर से इस पर काम किया जा रहा है।
नोएडा क्षेत्र में वर्ष 2018 में 10वीं और 12वीं में 3511 अभ्यार्थियों ने हिंदी विषय लिया था। वर्ष 2019 तक हिंदी विषय को लेने वाले अभ्याथियों का आंकड़ा अच्छा रहा। लेकिन उसके बाद आंकड़ों में कमी आनी शुरू हो गई। वर्ष 2020 में यह आंकड़ा बहुत कम हो गया। मात्र 91 अभ्यार्थियों ने ही हिंदी विषय लिया। इससे पहले यह आंकड़ा इतना कम नहीं हुआ था। लेकिन अब धीरे-धीरे सुधार होने लगा है। इसके पीछे अलग-अलग संस्थानों में हिंदी को बढ़ावा देने के लिए चलाए जा रहे कार्यक्रमों को माना जा रहा है। संस्थान इसको अच्छा संकेत मान रहे हैं। वहीं, इंदिरा गांधी ओपन यूनिवर्सिटी में भी हिंदी भाषा में पढ़ाई करने वालों का आंकड़ा अच्छा है। यहां पर सिर्फ 663 अभ्यार्थियों ने ही अलग-अलग विदेशी भाषा में पढ़ाई की, जिसमें से 463 ने जर्मन भाषा का कोर्स किया।
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कोट्स
वर्ष 2020 के बाद से 10 वीं और 12 वीं में हिंदी लेने वाले अभ्याथियों का आंकड़ा बढ़ा है। यह अच्छी बात है। संस्थान की ओर से हिंदी विषय पर बहुत काम किया जा रहा है। प्रो. सरोज शर्मा, चेयरपर्सन एनआईओएस
स्कूलों में भी धीरे-धीरे आ रहा बदलाव
जिले में सीबीएसई बोर्ड के स्कूलों में पढ़ने वाले छात्र हिंदी की तुलना में फ्रेंच व जर्मन समेत अन्य भाषा को विषय के तौर पर चुनने को प्राथमिकता दे रहे हैं। इस बार केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड में 12वीं में 18225 छात्रों ने परीक्षा पास की, जिसमें से करीब 7409 छात्रों ने ही हिंदी को विषय के तौर पर लिया था। स्कूलों का कहना है कि 10वीं में 10 से 20 और 12वीं में 30 प्रतिशत छात्र विदेशी भाषा ले रहे हैं। हालांकि इनका कहना है कि हिंदी विषय को लेकर छात्रों में रुचि बढ़ रही है। कुछ सालों में हिंदी लेने वाले छात्रों का आंकड़ा बढ़ेगा।
नोएडा क्षेत्र
वर्ष 10 वीं 12 वीं
2020- 56 35
2021- 226 177
2022- 305 457