गलगोटिया विश्वविद्यालय में समाजवादी छात्र सभा ने शनिवार को तालाबंदी और प्रदर्शन की तैयारी की थी। विरोध जताने पर कार्यकर्ताओं और पुलिस के बीच तीखी नोंकझोंक हुई, जिसके बाद 32 कार्यकर्ताओं को हिरासत में लेकर थाने ले जाया गया।
गलगोटिया विश्वविद्यालय में शनिवार को प्रदर्शन करने जा रहे समाजवादी छात्र सभा के कार्यकर्ताओं को दनकौर में पुलिस ने रोक लिया। एआई समिट में कथित रोबोट विवाद के बाद छात्र सभा के पदाधिकारियों ने विश्वविद्यालय में प्रदर्शन और तालाबंदी करने की घोषणा की थी। शनिवार को जैसे ही छात्र रवाना हुए, उन्हें रोका गया। इस दौरान छात्रों की पुलिस से भी तीखी नोंकझोंक हुई। पुलिस ने 32 लोगों को हिरासत में लिया।
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एआई समिट के विवाद के बाद सपा छात्र सभा के जिलाध्यक्ष मोहित नागर शुक्रवार को कार्यकर्ताओं के साथ विश्वविद्यालय में तालाबंदी करने की तैयारी में थे। दोपहर में सपा छात्र सभा के जिलाध्यक्ष मोहित नागर के नेतृत्व में कार्यकर्ता गलगोटिया यूनिवर्सिटी की ओर कूच कर रहे थे।
इसी दौरान कोतवाली पुलिस को इसकी सूचना मिली। पुलिस ने मोहित नागर समेत कई कार्यकर्ताओं को रोक दिया। रोके जाने से नाराज कार्यकर्ता पुलिस से भिड़ गए और हंगामा शुरू हो गया। जिसके बाद पुलिस ने सभी कार्यकर्ताओं को बस के अंदर बैठा दिया। इसके बाद सभी को थाने ले जाया गया और कानूनी कार्रवाई की गई।
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न्यायालय ने दिए थे पुलिस को आदेश
समाजवादी छात्र सभा ने बीते दिनों प्रेसवार्ता करके विश्वविद्यालय में तालाबंदी करने की घोषणा की थी। इसके बाद विश्वविद्यालय की ओर से न्यायालय में याचिका लगाई गई थी। गौतमबुद्धनगर की सिविल न्यायालय ने विश्वविद्यालय के 200 मीटर की परिधि में किसी भी प्रकार के धरना प्रदर्शन पर रोक लगा दी थी। पुलिस को सख्ती से आदेशों का पालन करने के निर्देश दिए गए थे।
32 कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया
दनकौर कोतवाली प्रभारी मुनेंद्र सिंह ने बताया कि न्यायालय के आदेशों की अनुपालना में प्रदर्शन करने जा रहे कार्यकर्ताओं को रोका गया था। सभी को हिरासत में लेकर कानून और शांति व्यवस्था कायम की गई है। कानूनी कार्रवाई करने के बार सभी को हिदायत देकर छोड़ दिया गया है।