नूंह/तावडू। नूंह और तावडू अनाजमंडी में खुले में रखा गेहूं रविवार दोपहर हुई बारिश के कारण भीग गया। पर्याप्त इंतजाम नहीं होने की वजह से मंडियों में रखा हजारों क्विंटल गेहूं खराब हो गया। प्रशासन की लापरवाही के चलते लाखों का नुकसान होने की आशंका है। अगर नूंह अनाजमंडी की बात करे तो यहां पर हर वर्ष खुले में रखा गेहूं बारिश के कारण बर्बाद होता है। मंडी में गेहूं को सुरक्षित रखने के लिए विशेष इंतजाम नहीं है। मंडी में गेहूं के खराब होने की स्थिति में आढ़तियों पर दोहरी मार पड़ सकती है।
वहीं तावडू में भी सरकारी एजेंसी द्वारा खरीदा गया अधिकांश गेहूं को उठाया नहीं गया, जिसके कारण हजारों क्विंटल गेहूं की बोरिया मंडी में खुले में रखी है। बता दें कि 20 अप्रैल से गेहूं की खरीद शुरू होने के बाद से अब तक 22 हजार 797 किंव्टल गेहूं वेयरहाउस, हेफड व एफसीआई द्वारा खरीदा गया है। इसमें से वेयरहाउस द्वारा खरीदा गए 2081 किंवटल गेहूं को उठाया गया है। जबकि बाकी गेहूं को उठाया नहीं गया है।
बारिश के कारण अनाजमंडी में रखा गेहूं भीग गया है। लापरवाही करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - मनीष कुमार, सचिव, नूंह मार्केट कमेटी