झूलेलाल वाटिका में भाद्रपद पूर्णिमा पर सनातन महासभा की 142वीं गोमती महाआरती व सनातन समाग।
लखनऊ। मृदंग, मंजीरा, ढोल, तासे और शंख की गूंज के बीच गोमती तट भक्ति की रोशनी से नहाया नजर आ रहा था। भक्ति गीतों की मधुर धुन पर भरतनाट्यम नृत्य करते कलाकार और रंगोली में आस्था के रंग भरते प्रतिभागी पूरे घाट की शोभा बढ़ा रहे थे। मौका था झूलेलाल वाटिका में भाद्रपद पूर्णिमा पर सनातन महासभा की 142वीं गोमती महाआरती व सनातन समागम का।
मंगलाचरण, स्वस्तिवाचन, पुष्पांजलि व शंखनाद के साथ सात मंचों से महाआरती की गई। स्वामी आनंद नारायण और पूर्व आईएएस आशा सिंह का सानिध्य रहा। मेहंदी और रंगोली प्रतियोगिताएं हुईं। अध्यक्ष डॉ. प्रवीण ने बताया कि गोमती सफाई और नशामुक्त प्रदेश का संकल्प लिया गया। समाजसेवी सविता दीक्षित के नेतृत्व में पौधरोपण किया गया। अंत में 101 दीपों का दान किया गया। इस दौरान विकास मिश्र, शुभम, जारा, अंकिता, प्रदेश अध्यक्ष रवि कचरू, सुधांशु शुक्ल, तेजस्वी गिरी, रमेश चंद्र बेरी, अंजनी पांडेय सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
झूलेलाल वाटिका में भाद्रपद पूर्णिमा पर सनातन महासभा की 142वीं गोमती महाआरती व सनातन समाग।
झूलेलाल वाटिका में भाद्रपद पूर्णिमा पर सनातन महासभा की 142वीं गोमती महाआरती व सनातन समाग।