ग्रेनो वेस्ट के ग्रीन आर्क सोसाइटी में रोके जाने पर सुरक्षाकर्मियों का विरोध करते खरीदार।
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कब्जा लेने पहुंचे खरीदारों को सुरक्षाकर्मियों ने रोका, प्रदर्शन
ग्रेटर नोएडा। ग्रेनो वेस्ट की ग्रीन आर्क सोसाइटी में कब्जा लेने पहुंचे खरीदारों को सुरक्षाकर्मियों ने रोक दिया। इस पर काफी हंगामा और नोंकझोंक भी हुई। आरोप है कि सुरक्षाकर्मियों ने खरीदारों के साथ धक्की-मुक्की की। इस पर खरीदारों ने प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। शोर सुनकर सोसाइटी के निवासी भी मौके पर पहुंच गए। खरीदारों को प्रवेश मिलने के बाद मामला शांत हुआ। इसके बाद बिल्डर ने खरीदारों के साथ बैठक की। सूचना पर पुलिस भी पहुंची थी, लेकिन बिना कार्रवाई के किए लौट गई। देर शाम तक बैठक के बाद बिल्डर ने सामान लेकर पहुंचे तीन खरीदारों को कब्जा दे दिया। वहीं, शेष को बकाया जमा करने के बाद कब्जा देने को कहा है।
खरीदारों ने बताया कि ग्रीन आर्क प्रोजेक्ट के फेज-2 में 172 फ्लैट हैं। इनमें से करीब 150 बिक चुके हैं। बिल्डर ने अक्तूबर, 2018 में कब्जा देने का वादा किया था, लेकिन अभी तक कब्जा नहीं दिया है। पिछले माह बिल्डर ने ई-मेल कर 30 जून को कब्जा लेने का न्यौता दिया था, लेकिन किसी कारण कब्जा देने से इंकार कर दिया। इसके बाद बिल्डर ने 30 जुलाई को कब्जा लेने बुलाया था। आरोप है कि बुधवार रात बिल्डर की तरफ से कब्जा नहीं देने की सूचना दी गई। वहीं, बृहस्पतिवार दोपहर तीन खरीदार परिवार समेत ट्रक में सामान लेकर कब्जा लेने पहुंच गए। आरोप है कि सोसाइटी के गेट पर सुरक्षाकर्मियों ने उनको अंदर घुसने नहीं दिया। खरीदारों ने बताया कि सुरक्षाकर्मियों को बिल्डर की तरफ से भेजा गया ई-मेल भी दिखाया गया। इसके बाद भी प्रवेश नहीं दिया गया। इस पर कहासुनी हो गई। आरोप है कि सुरक्षाकर्मियों ने लाठी भांजने की कोशिश भी की। पुरुषों और महिलाओं के साथ धक्का-मुक्की की। इस दौरान एक महिला की अंगुली और एक खरीदार के कंधे में चोट आई है। एक घंटे से अधिक समय तक ड्रामा चला। इसके बाद खरीदारों को प्रवेश दिया गया।
अभी नहीं मिला ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट
खरीदारों का कहना है कि प्राधिकरण का बकाया होने के कारण बिल्डर को ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट (ओसी) नहीं मिला है। ओसी मिलने के बाद ही खरीदारों को बैंक से लोन की बकाया धनराशि मिलेगी, तभी बिल्डर की बकाया 10 प्रतिशत धनराशि का भुगतान कर सकेंगे, लेकिन बिल्डर सुनने को तैयार नहीं है।