ग्रेटर नोएडा। रकम लेने के बाद भी फ्लैट बुक नहीं करने और पैसे भी नहीं लौटाने पर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने बिल्डर को जमा राशि ब्याज सहित खरीदार को लौटाने का आदेश दिया है। आयोग ने 30 दिन में भुगतान करने को कहा है।
नोएडा के सेक्टर-49 स्थित हिंडन विहार निवासी रवींद्र कुमार ने मॉर्फियस प्रतीक्षा डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड (सेक्टर-1, ग्रेटर नोएडा) के मालिक पृथ्वी राज कसाना और कंपनी के सीईओ राकेश सिंह के खिलाफ उपभोक्ता आयोग में वाद दायर किया था, जिसमें आरोप लगाया कि आवासीय योजना में 2 बीएचके फ्लैट 1150 वर्ग फुट दसवें फ्लोर पर 2650 रुपये प्रति वर्ग फुट के हिसाब से 30.47 लाख रुपये में बुक किया है। बुकिंग की 10 फीसदी राशि 3.04 लाख रुपये का भुगतान चेक से 7 दिसंबर, 2013 को किया था। पैसे देने के बाद भी बिल्डर ने फ्लैट बुक नहीं किया और न ही पैसे वापस किए।
वह बिल्डर के दफ्तर में कई बार गया। फ्लैट बुक कराने वाले एजेंट के जरिये भी संपर्क करने की कोशिश करता रहा, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। 9 दिसंबर, 2017 को उसने बिल्डर के दफ्तर में पत्र भेजा, लेकिन जवाब नहीं दिया गया। 24 अक्तूबर, 2018 को वकील के माध्यम से नोटिस भेजा। इस पर उसने उपभोक्ता आयोग में याचिका दायर कर कुल जमा राशि पर 24 प्रतिशत ब्याज समेत वापस करने, मानसिक और शारीरिक कष्ट के लिए 75 हजार रुपये और वाद खर्च के 75 हजार रुपये देने की गुहार लगाई।
आयोग ने सुनवाई के दौरान बिल्डर को अपना पक्ष रखने के लिए नोटिस जारी किया, लेकिन बिल्डर ने आयोग में भी अपना पक्ष नहीं रखा। आयोग ने सुनवाई कर खरीदार के पैसे लौटाने का आदेश दिया। आयोग ने बिल्डर को 3,04,750 रुपये 9 प्रतिशत ब्याज समेत, 5 हजार रुपये जुर्माना और एक हजार रुपये खर्च के 30 दिन के अंदर भुगतान कराने का आदेश दिया है।