- आरोपी नाइजीरियाई को साइबर थाने की पुलिस ने पकड़ा, मैट्रिमोनियल साइट व सोशल मीडिया पर महिलाओं को देता था झांसा
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। प्यार के नाम पर भरोसा और भरोसे के नाम पर ठगी करने वाले एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह के सरगना को साइबर क्राइम पुलिस की टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपी नाइजीरियाई युवक को पुलिस की टीम ने बृहस्पतिवार को फरीदाबाद से पकड़ा है। गिरफ्तार आरोपी मैट्रिमोनियल साइट और सोशल मीडिया के जरिए महिलाओं को झांसा देता था। आरोपी के पास से पांच मोबाइल, लैपटॉप, टैबलेट, विदेशी मुद्रा व कई फर्जी दस्तावेज बरामद किए गए हैं।
डीसीपी साइबर शैव्या गोयल ने बताया कि साइबर थाने की टीम ने बृहस्पतिवार को नाइजीरिया निवासी 38 वर्षीय सैमुअल ओगुन उर्फ स्टेपनी डेरिक को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में पता चला कि आरोपी मैट्रिमोनियल साइट्स पर शादी का झांसा देकर महिलाओं से दोस्ती करता था। वह अपनी असली पहचान छिपाकर खुद को बड़ा बिजनेसमैन से लेकर अधिकारी बताता था। अलग-अलग देश घूमने का फर्जी प्रोफाइल सोशल मीडिया डालकर व्हाट्सएप पर आकर्षक डीपी लगाता था। आकर्षक प्रोफाइल फोटो लगाकर महिलाओं से दोस्ती करता और धीरे-धीरे उन्हें अपने प्रेमजाल में फंसा लेता था। इसके बाद वह शादी का झांसा देता और कहता कि वह विदेश से अपना कारोबार समेटकर भारत आ रहा है। महिला को विश्वास दिलाने के लिए उसे फर्जी टिकट व वीजा भेजता था। बाद में एयरपोर्ट पर कस्टम क्लियरेंस के नाम पर करोड़ों की ठगी की वारदात को अंजाम देता था। महिलाएं उसके झांसे में आकर अलग-अलग खातों में पैसे ट्रांसफर कर देती थीं। इसके साथ ही आरोपी फर्जी लोन दिलाने के नाम पर भी लोगों से ठगी करता था। आरोपी ने दिल्ली एनसीआर में इस तरह की कई ठगी की घटनाएं की हैं। नोएडा साइबर क्राइम थाने में पहले से इस आरोपी के खिलाफ दो मामले दर्ज हैं। एक मामले में आरोपी ने एक महिला से करीब 56 लाख रुपये और दूसरे मामले में 1 करोड़ 26 लाख रुपये की ठगी की है। तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में भी आरोपी के खिलाफ मुकदमे दर्ज हैं।
इस तरह से करता था ठगी:
गिरफ्तार नाइजीरियाई गैंग का आरोपी पहले खुद को बैंक अफसर या फिर लॉटरी लगने की बात बताकर महिलाओं को झांसे में लेता था। अब नए पैटर्न में खुद को एक बड़ी कंपनी का मालिक, मल्टीनेशनल कंपनी के अधिकारी, बिजनेसमैन बताकर महिलाओं से दोस्ती कर उन्हें झांसे में ले रहा था। फिर महंगे विदेशी गिफ्ट भेजने का बहाना बनाकर उनसे कस्टम ड्यूटी के नाम पर लाखों रुपये की वसूली करता था। इसके साथ ही हर्बल उत्पादों, नकली बाल आदि का बिजनेस करने के नाम पर भी साइबर जालसाजी करता था।
एक साथ 10 से अधिक महिलाओं से करता था बात : जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी एक साथ कई अलग-अलग नाम से सोशल मीडिया पर सक्रिय रहता था। इसी तरह मैट्रिमोनियल साइट पर भी इसी तरह से अपनी उपस्थिति दर्ज कराता था। उसके पास से अलग-अलग नाम और नागरिकता के पासपोर्ट बरामद हुए हैं। पुलिस के अनुसार, जब एक पासपोर्ट अमान्य हो गया तो उसने दूसरे देश जाकर नई पहचान के साथ नया पासपोर्ट बनवाया और फिर भारत आ गया। आरोपी एक साथ 10 से अधिक महिलाओं के संपर्क में रहता था।
ऐसे बरतें सावधानी
- अगर वैवाहिक साइट पर किसी से दोस्ती हुई है और उससे बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ है तो चैटिंग के दौरान अपनी सारी जानकारी उसे न दें। खासकर निजी और बैंकिंग जानकारी देने से बचें।
- अगर बातचीत में सामने वाला आपसे गैरजरूरी सवाल करे तो आपको अलर्ट रहने की जरूरत है।
- वैवाहिक साइट पर मिले रिश्तों से अगर पहली बार मिलने जा रहे हैं तो अकेले जाने से बचना चाहिए।
- कभी भी इस तरह के केस में मुलाकात होटल या रेस्टोरेंट में न करके किसी सार्वजनिक स्थान में करें।
-अगर रिश्ते के लिए बातचीत के दौरान सामने वाला किसी तरह से कुछ पैसे मांगे तो फौरन उसे मना कर दें।
- वीजा या कस्टम जैसे मामलों में फंसे होने की बात कहकर पैसे मांग जाएं तो फौरन मना करें और पुलिस को सूचना दें।