संवाद न्यूज एजेंसी
इसराना। अखिल भारतीय किसान सभा ने शुक्रवार को किसानों की समस्याओं के निस्तारण के लिए तहसील कार्यालय परिसर में रोष प्रदर्शन कर सीएम के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। इसके बाद अनाज मंडी में पहुंचकर किसानों की समस्याओं के लिए मार्केट कमेटी के सचिव से चर्चा की। विरोध प्रदर्शन की देखरेख तहसील प्रधान सत्यनारायण ग्वालड़ा ने की व संचालन सचिव सीताराम शर्मा मांडी ने किया।
किसान सभा जिला प्रधान डॉ. सुरेंद्र मलिक ने कहा कि भाजपा नेतृत्व वाली केंद्र व राज्य सरकारों किसान विरोधी नीतियों और प्राकृतिक आपदाओं भारी बारिश, बाढ़ व जल भराव के चलते देश व हरियाणा का किसान भारी आर्थिक संकट के दौर से गुजर रहा है। ज्यादातर फसलें तबाह हो गई हैँ। जो तबाही से थोड़ी बहुत फसल बची हैं। अब मंडियों के अंदर कम दामों पर खरीद कर किसानों के साथ अन्याय किया जा रहा है। प्राइवेट सेलर सरकार से मिली भगत कर किसानों का शोषण कर रहे हैं।
संयुक्त किसान मोर्चा सह संयोजक कामरेड सुनील दत्त ने कहा कि हरियाणा के अंदर प्राकृतिक आपदा के चलते आठ लाख हेक्टेयर के लगभग फसल पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है। लगभग तीन लाख हेक्टेयर जमीन जल भराव के चलते अगली गेहूं की फसल की बिजाई भी नहीं हो पाएगी अगर सरकार ने जमीन से पानी की निकासी के जल्द प्रबंध नहीं किए तो किसानों पर प्राकृतिक आपदा के बावजूद मंडी के अंदर फसल खरीद में शोषण का सामना करना पड़ेगा। पहले किसान अपनी फसल की पूरी पैदावार बिना किसी शर्त के मंडी में बेचता था लेकिन अब लिमिट लगा दी गई है और इसके अलावा नमी के नाम पर और तोल के नाम पर भी किसानों को परेशान किया जा रहा है। पोर्टल व्यवस्था सरकार जल्द ही खत्म करें। इस मौके पर तहसील कमेटी के कोषाध्यक्ष राजवीर मलिक, उप प्रधान समय सिंह मलिक, रामकिशन कुंडू, सुरेश जांगड़ा, सुनील दत्त, राजबीर पूठर, दिलावर राठी, समे सिंह मलिक, हरिराम शर्मा व एसए खान मौजूद रहे।