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‘समाज को तोड़ने का प्रयास सफल नहीं होने देंगे’

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सम्मेलन को सम्बोधित करतीं सुभाषिनी अली सहगल - फोटो : Mewat
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नूंह/पुन्हाना। आसिफ हत्याकांड और पुलिस की पिटाई से जुनैद की मौत मामले में रविवार को नूंह के गांधी पार्क में विभिन्न संगठनों ने नागरिक सम्मेलन का आयोजन किया। इसमें सभी आरोपियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की गई। वहीं, सांप्रदायिक सौहार्द और अमन व भाईचारा बनाए रखने का आह्वान किया गया। मुख्य वक्ता कानपुर से पूर्व सांसद कैप्टन लक्ष्मी सहगल की बेटी सुभाषिनी अली सहगल ने कहा कि कुछ लोग समाज में फूट डालने का प्रयास कर रहे हैं, उन्हें सफल नहीं होने दिया जाएगा।
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उन्होंने कहा कि कुछ लोग मजहब के नाम पर जिस तरह की महापंचायतें कर रहे हैं, वह सरेआम कानून की धज्जियां उड़ा रहे हैं। इनको उकसाने वाली सियासत और प्रशासन खामोश बैठे तमाशा देख रही है। मेवात में पिछले कई सालों से अपराधों को मजहबी चश्मे से दिखाने की कोशिश की जा रही है। भाजपा और आरएसएस योजनाबद्ध ढंग से मेवात की सांझी संस्कृति, सांझी विरासत और सांप्रदायिक सद्भाव पर हमले कर रही है। खेड़ा खलीलपुर गांव के रहने वाले आसिफ की निर्मम हत्या के मामले में भी ये सांप्रदायिक ताकतें घिनौना खेल खेल रही हैं। पहले से कई अपराधों में संलिप्त आरोपियों को बचाने और मामले को सांप्रदायिकता का रंग दिया जा रहा है। इसके लिए 30 मई को इंडरी गांव महापंचायत कर भीड़ जमा की गई और एक समुदाय विशेष के प्रति नफरत भरे भाषण दिए गए। मृतक को ही दोषी ठहराते हुए उसकी निर्मम हत्या को जायज भी ठहराया गया। इस महापंचायत के कुछ ही दिन बाद पुलिस ने गिरफ्तार किए गए 12 आरोपियों में से 4 को छोड़ दिया। लेकिन, भड़काऊ भाषण देने वाले पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। बल्कि पंचायत की सरपरस्ती करने वाले एक नेता को भाजपा ने प्रदेश प्रवक्ता बना दिया। वहीं, सम्मेलन में ‘रोजी-रोटी को बचाने’ और तीनों कृषि कानूनों को रद्द करने के संबंध में 28 जून को सुन्हेड़ा बॉर्डर किसान-मजदूर सम्मेलन करने का निर्णय लिया गया।
सम्मेलन का आयोजन नागरिक मंच मेवात और शहीदाने सभा मेवात द्वारा संयुक्त रूप से किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता शहीदाने सभा के नेता सफरुद्दीन, सीटू नेता राज सिंह, जनवादी महिला समिति की अध्यक्ष उषा सरोहा ने की। मंच संचालन अशरद खान एडवोकेट और सीटू नेता अनिल कुमार ने किया। सम्मेलन में बादल सरोज राष्ट्रीय संयुक्त सचिव अखिल भारतीय किसान सभा, सुभाष लांबा अध्यक्ष सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा, इंद्रजीत सिंह किसान संयुक्त मोर्चा के नेता एवं उपाध्यक्ष किसान सभा हरियाणा, सविता महासचिव अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति हरियाणा, सुरेखा अध्यक्ष सीटू हरियाणा, सुरेंद्र सिंह पूर्व अध्यक्ष सीटू हरियाणा, साजिद वकील प्रधान बार एसोसिएशन नूंह, सतबीर सिंह उपाध्यक्ष सीटू हरियाणा, देवीराम अध्यक्ष आदि संगठनों ने लोगों को संबोधित किया।
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सीएम को भेजे तीन प्रस्ताव
सम्मेलन के बाद तीन प्रस्ताव पारित कर उपायुक्त के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेजा गया। इनमें मुख्य रूप से आसिफ के सभी हत्यारों को गिरफ्तार कर कड़ी सजा देने, जुनैद की मौत मामले में आरोपी पुलिसकर्मियों की तत्काल गिरफ्तारी और इंडरी पंचायत में भड़काऊ भाषण देने लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई।
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