भुवनेश्वर (कमल शर्मा)। दो साल में ओडिशा को देश के प्रमुख तीन पर्यटन वाले राज्यों में शामिल कराने के लिए इको रिट्रीट पर्यटन को बढ़ावा दिया जा रहा है। जिसमें इको रिट्रीट बीच के साथ-साथ चिलिका झील सहित दो दर्जन धार्मिक एवं पयर्टन स्थल शामिल किए गए हैं। इन स्थलों पर पर्यटकों को सुविधाएं तथा यातायात के लिए हवाई सेवाओं का विस्तार भी होगा।
प्रदेश के पर्यटन एवं खेलमंत्री ज्योति प्रकाश पानिग्रही एवं प्रमुख सचिव विशाल देव ने कलिंगा स्टेडियम में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि पर्यटन की दृष्टि से केरल और राजस्थान प्रमुख राज्य हैं। हम अगले दो साल में ओडिशा को टॉप थ्री पर्यटन वाले राज्यों में शामिल कराने के प्रयास में हैं। इको रिट्रीट के अंतर्गत पर्यटन स्थलों को इस तरह विकसित किया जा रहा है कि पर्यटक प्रकृति के साथ रह सकें। दूसरे प्रदेशों के पर्यटकों के लिए हवाई सेवा विस्तार के बारे में केंद्र सरकार से बात की गई है। उम्मीद है कि दो साल में दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, पुणे तथा अहमदाबाद से भुवनेश्वर के लिए फ्लाइट बढ़ जाएंगी।
उन्होंने बताया कि पिछले साल ‘इको रिट्रीट’ के शानदार प्रदर्शन के बाद कोणार्क के चंद्रभागा बीच को मॉडल के रूप में विकसित किया गया है। इसी के साथ-साथ हीराकुंड, भितरकनिका, दरिंगबाड़ी और सतकोसिया बीच विकसित किए जा रहे हैं। इस आयोजन से कोविड -19 महामारी के दौरान सबसे अधिक प्रभावित होने वाले पर्यटन क्षेत्र को पुन: विकसित करने में मदद मिलेगी। उन्होंने स्वीकार किया कि 10 साल पहले तक ओडिशा पिछडे़ राज्यों में था, दिसंबर 2018 में यहां के कलिंगा स्टेडियम में विश्व हॉकी कप कराके ओडिशा अच्छे राज्यों में रहा है।
श्री जगन्नाथ मंदिर में 21 से बिना कोविड टेस्ट के दर्शन हो सकेंगे
पुरी। श्री जगन्नाथ मंदिंर में 21 जनवरी से बिना कोविड जांच कराए ही प्रतिदिन 30 हजार श्रद्धालु दर्शन कर सकेंगे। दर्शन का समय स्थानीय लोगों के लिए सुृुबह छह बजे और दूसरे शहरों के श्रद्धालुओं के लिए सात बजे निर्धारित किया गया है। वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग से लाइन की व्यवस्था की गई है। पुरी के जिला मजिस्ट्रेट सामर्थ वर्मा ने बताया कि मंदिर में प्रवेश करने से पहले प्रत्येक श्रद्धालु को सैनिटाइज करने के साथ-साथ उनके टेंपरेचर भी लिया जाएगा। ब्यूरो